नशा कारोबार और नकली दवाओं पर सख्त कार्रवाई: अब ऑन-द-स्पॉट मुकदमे, डीएम ने बनाई विशेष समिति
देहरादून।जिलाधिकारी सविन बंसल की अध्यक्षता में जनपद स्तरीय नारकोटिक्स समिति की बैठक ऋषिपर्णा सभागार, कलेक्ट्रेट में आयोजित हुई, जिसमें वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में नशा कारोबारियों और नकली दवा विक्रेताओं पर अब संगीन धाराओं में ऑन-द-स्पॉट मुकदमे दर्ज करने का निर्णय लिया गया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अब न सैंपलिंग होगी, न परिवाद—बल्कि सीधे मुकदमा दर्ज कर आरोपी को जेल भेजा जाएगा।
जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने-अपने क्षेत्रों में मेडिकल स्टोर्स पर औचक निरीक्षण करें और इन गतिविधियों की नियमित मॉनिटरिंग करें। ड्रग इंस्पेक्टर को निर्देश दिए गए कि सभी मेडिकल स्टोर्स में सीसीटीवी कैमरे लगवाना अनिवार्य होगा। पुलिस विभाग को भी सख्ती बरतने के निर्देश दिए गए हैं ताकि नशे के अवैध कारोबार को जड़ से खत्म किया जा सके। जिला आबकारी अधिकारी को निर्देश दिए गए कि 18 वर्ष से कम आयु के व्यक्तियों को शराब न बेची जाए और सभी शराब की दुकानों पर यह सूचना पोस्टर के माध्यम से प्रदर्शित की जाए।
बैठक में निर्णय लिया गया कि जनपद के सभी स्कूलों में एंटी-ड्रग्स समिति गठित की जाएगी, जिसमें शिक्षकों को नोडल अधिकारी बनाया जाएगा और विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जाएगा। स्कूलों में मानसिक स्वास्थ्य और नशा मुक्ति से जुड़े टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर भी चस्पा किए जाएंगे। नकली दवाओं और मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर भी सख्त कार्रवाई होगी, जिसके लिए विशेष निगरानी तंत्र विकसित किया जाएगा। इस संबंध में एसडीएम, पुलिस क्षेत्राधिकारी और ड्रग इंस्पेक्टर को मिलाकर एक संयुक्त टीम बनाई गई है, जो आकस्मिक निरीक्षण करेगी और दोषियों पर तुरंत कार्रवाई करेगी।
पुलिस अधिकारियों ने बैठक में बताया कि नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त हिस्ट्रीशीटरों की एनडीपीएस प्रोफाइल तैयार की जा रही है और डॉग स्क्वायड की मदद से चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि इस अभियान को और प्रभावी बनाया जाए तथा सूचना तंत्र को मजबूत किया जाए ताकि नशे की तस्करी और नकली दवाओं के व्यापार में लिप्त व्यक्तियों की तुरंत पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जा सके।
इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह, मुख्य शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार, पुलिस क्षेत्राधिकारी, जिला आबकारी अधिकारी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. नरेंद्र कुमार, वन विभाग और समाज कल्याण विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

