देहरादून। कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता शीशपाल सिंह बिष्ट ने बयान जारी करते हुए कहा कि राज्य में भाजपा सरकार के मंत्री, पूर्व मुख्यमंत्री, विधायक और अन्य नेता प्रचंड बहुमत के नशे में चूर हैं। सत्ता के अहंकार में वे लगातार अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं। लोकतंत्र में भाषा की मर्यादा बहुत महत्वपूर्ण है, जिससे जनमानस को सही संदेश जाता है।
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने लोकसभा में राज्य में खनन माफिया के हावी होने का मामला उठाया, जो निश्चित तौर पर सराहनीय प्रयास था। कांग्रेस लगातार राज्य में खनन माफिया और शराब माफिया के नियंत्रण में सरकार होने की बात कहती रही है, और पूर्व मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के आरोपों की ही पुष्टि की है।
भाजपा के पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा की गई अभद्र टिप्पणी लोकतंत्र में अस्वीकार्य – कांग्रेस
कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता शीशपाल सिंह बिष्ट ने कहा कि खनन माफिया जैसे जनहित के महत्वपूर्ण मुद्दे को लोकसभा में उठाने के बाद जिस तरीके से मीडिया के सवालों के जवाब में भाजपा के पूर्व मुख्यमंत्री ने राज्य के खनन सचिव का उल्लेख किए बिना उन पर अभद्र और अमर्यादित टिप्पणी की, वह लोकतंत्र में बिल्कुल भी स्वीकार्य नहीं है। यह भी सही है कि राज्य में नौकरशाही नियंत्रण से बाहर है। नौकरशाही को निष्पक्ष होकर काम करना चाहिए, न कि सरकार के भ्रष्टाचार पर पर्दा डालने के लिए बयानबाजी करनी चाहिए।
उत्तराखंड में सरकार के भ्रष्टाचार या राज्य की बिगड़ी हुई कानून व्यवस्था पर वरिष्ठ नौकरशाह सरकार के प्रवक्ता के तौर पर बयानबाजी कर रहे हैं, जो गलत परंपरा है। इसका सीधा मतलब है कि राज्य में खनन के भ्रष्टाचार में वे लोग भी शामिल हैं जो सरकार का बचाव कर रहे हैं। इससे साफ जाहिर होता है कि खनन और शराब के भ्रष्टाचार की काली कमाई को मिल-बांटकर ठिकाने लगाया जा रहा है, जिससे ये लोग फल-फूल रहे हैं।
भाजपा नेताओं की भाषा और व्यवहार अब जनता सुधारेगी – कांग्रेस
कांग्रेस प्रवक्ता शीशपाल सिंह बिष्ट ने कहा कि जिस तरह से विधानसभा के बजट सत्र में तत्कालीन मंत्री ने अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर राज्य की जनता का अपमान किया था और अपनी मर्यादा की सीमा लांघी थी, उसी प्रकार भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने भी भाषा की मर्यादा को तार-तार करते हुए राज्य की आंदोलनकारी जनता का अपमान किया था। अब भाजपा के पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी अपनी बेहूदा बयानबाजी से वही किया है।
जनता अब भाजपा नेताओं को माफ करने वाली नहीं है। जनता ही अब भाजपा नेताओं की भाषा और व्यवहार सुधारेगी। भाजपा नेताओं को भ्रष्टाचार का खून लग चुका है, और अब वे इसके बिना नहीं जी सकते। यह खून चाहे आम आदमी का हो या किसी और का, वे चूहे का खून चूसने से भी नहीं चूक रहे हैं। लेकिन अब जनता सब भली-भांति समझ चुकी है और समय आने पर इसका जवाब देगी।

