वन कर्मचारियों एवं पीआरडी स्वयंसेवकों के प्रशिक्षण की मांग को लेकर मुख्यसचिव से मिला मोर्चा

Spread the love

देहरादून।देवभूमि खबर। जन संघर्ष मोर्चा के प्रतिनिधिमंडल ने मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी के नेतृत्व में मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह से मुलाकात कर वन महकमें के फील्ड कर्मचारियों की मांगों एवं पीआरडी स्वयंसेवकों के प्रशिक्षण की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। मुख्य सचिव ने संबंधित विभाग के सचिवों को कार्रवाई के निर्देश दिए।

नेगी ने कहा कि सरकारी विभागों की बदइंतजामी तथा अदूरदर्शिता का इससे बड़ा हास्यास्पद तथा खतरनाक पहलू क्या होगा कि प्रदेश में वनों को बचाने के लिए तैनात वन बीट अधिकारी व वन दरोगा के पास सुरक्षा के नाम पर हथियार मुहैया कराना तो दूर लाठी तक की व्यवस्था नहीं की गई है। नेगी ने कहा कि 5-10 हजार हेक्टेयर तक के जंगल को वन तस्करों, खनन माफियाओं व जंगली जानवरों से बचाने का जिम्मा एक वन बीट अधिकारी के कंधे पर है, जोकि दिन-रात जंगलों में गस्त करके वनों की कई प्रकार से रक्षा करते हैं तथा रात्रि के समय घनघोर जंगलों में भी गस्त करते हैं। नेगी ने हैरानी जताई कि कई बार वन कर्मचारी व आमजन इन जंगली जानवरों का शिकार होते हैं, लेकिन पुख्ता सुरक्षा इंतजामों की कमी के चलते इनको अपनी जान से हाथ धोना पड़ा पड़ता है। इसके साथ-साथ वन रक्षकों को सांप, लंगूर, बंदर व उत्पाती जानवरों को पकड़ने का भी जिम्मा है, लेकिन इंतजाम के नाम पर कुछ भी नहीं है तथा जोखिम भत्ता तक की व्यवस्था नहीं की गई है। इसके अतिरिक्त मोर्चा प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश में पीआरडी स्वयंसेवकों को प्रशिक्षण कराए जाने की भी मांग की। मोर्चा प्रतिनिधिमंडल में मोर्चा महासचिव आकाश पंवार ,सुशील भारद्वाज आदि शामिल रहे।

देवभूमि खबर

Related articles