डोबरा चांटी पुल खोलने के विरोध में ग्रामीणों को आप का समर्थन,ऑक्सीमीटर से जांचा स्वास्थ्य
टिहरी।उत्तराखंड में अगर हक चाहिए तो आंदोलन के बिना हक मिलना मुमकिन नहीं है। ऐसा ही हाल टिहरी के रोला कोट गांव के लोगों का है जो सालों से विस्थापन का दंश झेल रहे हैं लेकिन सरकार उनकी समस्याओं को नहीं सुन रही है। इस दौरान क्रमिक अनशन पर बैठे ग्रामीणों से मिलने आप कार्यकर्ता पहुंचे और विस्थापन की मांग को लेकर इनको अपना समर्थन दिया।
आप नेता हर्षित नौटियाल ने कहा ,सरकार विकास के बड़े बड़े दावे करती है लेकिन इस गांव में 114 परिवार आज मौत के साए में जीने को मजबूर है उनका गांव झील की जद में आ चुका है लेकिन आज भी सालों बीत जाने के बाद उनके गांव का विस्थापन नहीं हो पाया है। यहां 15 अक्टूबर से ग्रामीण क्रमिक अनशन पर बैठे हैं। आपको बता दें कि डोबरा चांठी पुल बनने से प्रताप नगर के लोगों को काले पानी की सजा नहीं काटनी पड़ेगी इससे उनको काफी लाभ मिलेगा। लेकिन यहां के आंदोलनकारी लोग साफ कह चुके हैं कि पहले सरकार उनके गांव का विस्थापन करें अन्यथा वह पुल का उद्घाटन किसी भी कीमत पर नहीं होने देंगे। इस पुल का उद्घाटन देश के प्रधानमंत्री के हाथों होने की बात बीजेपी कह रही है लेकिन आंदोलनकारियों ने साफ कर दिया है कि बिना विस्थापन मांग पूरी हुए वह प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को पुल का उद्घाटन नहीं करने देंगे। इस दौरान आम आदमी पार्टी के नेताओं ने अनशन स्थल पर पहुंचकर सभी आंदोलनकारियों का हालचाल जाना और ऑक्सीमीटर से सभी की स्वास्थ्य जांच की। आम आदमी पार्टी नेताओं में टिहरी से रमेश नेगी,पूर्व प्रभारी देवप्रयाग गब्बर सिंह बंगारी, सरोज बंगारी और हर्षित नौटियाल मौजूद थे।
वही क्रमिक अनशन करने वालों में सागर भंडारी, आशीष डंगवाल, दीपक थपलियाल, दीपक बिष्ट, हीरालाल, हीरा डंगवाल, उमेद सिंह बिष्ट, मनीष, सुमित और अमन मौजूद थे।

