बजट डिजिटल इंडिया के साथ-साथ ग्रामीण भारत के सपनों पर केंद्रित है:प्रो.एच. सी. पुरोहित

बजट डिजिटल इंडिया के साथ-साथ ग्रामीण भारत के सपनों पर केंद्रित है:प्रो.एच. सी. पुरोहित
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देहरादून । वित्त मंत्री के द्वारा प्रस्तुत बजट गांव, गरीब, किसान एवं मजदूर को केंद्र में रखकर तैयार किया गया है इस बजट में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 80000000 आवास उपलब्ध करवाने हेतु प्रावधान किया गया है। हर घर नल योजना के तहत भी बजट मुहैया कराया गया है । ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सुविधाओं के विस्तार हेतु 1.5 लाख डाकघरों को बैंकिंग सेवाओं से जोड़ने का प्रावधान है। डिजिटल इंडिया के तहत देश के 75 जिलों में 75 डिजिटल सुविधाओं से युक्त बैंक स्थापित किए जाएंगे और साथ ही डिजिटल यूनिवर्सिटी भी स्थापित की जाएगी। डिजिटल करेंसी आरबीआई के द्वारा प्रारंभ की जाएगी साथ ही क्रिप्टोकरंसी से होने वाली आय में 30% लगाया जाएगा जिससे निवेशक को उस क्षेत्र में निवेश हेतु विकल्प उपलब्ध होंगे ।

उत्तराखंड के परिपेक्ष में योजना राज्य के सीमावर्ती एवं ग्रामीण क्षेत्रों में संचार तथा आवागमन की सुविधाओं का विस्तार करने में सहायक होगा । पर्यटन विकास की दृष्टि से रोपवे परियोजना राज्य के 13 जनपदों के पर्यटक स्थलों के विकास में सहायक सिद्ध होंगे. सरकार ने वर्ष 2023 को मोटा अनाज वर्ष घोषित किया है यह विशेष तौर से उत्तराखंड में उत्पादित होने वाले खाद्यान्न के संवर्धन एवं विपणन में सहायक सिद्ध होगा । सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट में सहकारी संस्थाओं को कॉर्पोरेट टैक्स में कटौती की गई है साथ ही अधिभार भी घटाया गया है इससे सहकारी संस्थाओं का विकास एवं विस्तार होगा। जो स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन में सहायक होंगे । स्टार्टअप योजनाओं को प्रोत्साहित करने की दृष्टि से टास्क फ़ोर्स बनाई जाएगी जो नवाचार के प्रोत्साहन सिद्ध होगी साथ ही नए स्टार्टअप अगले वर्ष तक कर मुक्त रहेंगे इससे रोजगार सृजन एवं उद्यमिता विकास को बल मिलेगा। स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार हेतु ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल हेल्थ सुविधाओं तथा महामारी के दौर में अवसाद से ग्रस्त नागरिकों के लिए मानसिक स्वास्थ्य केंद्र स्थापित किए जाएंगे जो स्वस्थ भारत के निर्माण में सहायक होगा। देश को गति देने की दृष्टि से 400 बंदे भारत रेलगाड़िया से चालू की जाएगी एवं 25000 किलोमीटर हाईवे बनाए जाएंगे । ऑनलाइन शिक्षण हेतु पीएम ई-विद्या के चैनल 12 से बढ़ाकर 200 किए जाएंगे और पूरक शिक्षा के लिए 400 चैनल संचालित होंगे जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में ऑनलाइन शिक्षण सुलभ हो पाएगा ।

राज्यों को 50 वर्षों तक बिना ब्याज के कर्ज की व्यवस्था से उत्तराखंड जैसे नवोदित राज्यों को आधारभूत ढांचा विकसित करने में सहायता मिलेगी । कृषि सुधारों के लिए ऑर्गेनिक फार्मिंग, जीरो बजट तथा प्राकृतिक कृषि के प्रोत्साहन हेतु कृषि विश्वविद्यालयों एवं किसानों को क्षमता विकास कार्यक्रम कृषि सुधार के लिए महत्वपूर्ण सिद्ध होंगे । गंगा किनारे कॉरिडोर विकसित करने से कृषि की उत्पादकता में सुधार होगा एवं गंगा निर्मली कारण भी सुनिश्चित होगा. नदी जोड़ो परियोजना के तहत कार्यक्रम संचालित होने से आपदा प्रबंधन में सहायता मिलेगी तथा किसानों की सिंचाई व्यवस्था सुचारू हो पाएगी एवं पेयजल का संकट भी हल होगा । मिशन शक्ति के तहत नारी सशक्तिकरण को प्रोत्साहित किया जाएगा जिसके तहत 200000 आंगनवाड़ी केंद्रों को अपग्रेड किया जाएगा।

आयकर स्लैब में किसी प्रकार का परिवर्तन ना करने से नौकरीपेशा वर्ग मायूस जरूर हुआ है परंतु नई पेंशन स्कीम के तहत 14% अंशदान करने से मध्यमवर्ग को राहत देने की कोशिश की गई है । आयकर प्रक्रिया को सरल करने की दृष्टि से महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया और 2 साल तक इनकम टैक्स रिटर्न भरने की सुविधा दी गई । टैक्स भरते समय यदि कोई गलती रह जाए तो उसका सुधार किया जा सकता है । रक्षा क्षेत्र में बजट बढ़ाने के साथ ही रिसर्च डेवलपमेंट के लिए 25% बजट का प्रावधान किया गया है इससे सेना के आधुनिकरण को मदद मिलेगी ।

चुनिंदा आईटीआई में कौशल विकास कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे. कोरोना काल के बावजूद भी देश की अर्थव्यवस्था लगातार प्रगति के पथ पर अग्रसर है जिसके परिणाम स्वरूप विगत वर्ष में जीएसटी के तहत सरकार का रेवेन्यू बड़ा है ।

देवभूमि खबर

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