हर नागिरक को उनके विधिक अधिकारों की जानकारी होनी चाहिए:सरोहा
रुद्रप्रयाग।देवभूमि खबर। तहसील दिवस के अवसर पर ग्राम सभा पूलन तहसील जखोली जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव ने उपस्थित आम-जनमानस को उनके विधिक अधिकारों के प्रति जागरूक करते हुए कानूनों की जानकारी दी। प्राधिकरण सचिवआरती सरोहा ने बताया कि हर नागिरक को उनके विधिक अधिकारों की जानकारी होनी चाहिए, जिससे यदि कोई व्यक्ति उनके अधिकारों का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ आवाज उठा सके। बताया कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद-14 के अन्तर्गत सभी व्यक्तियों को कानून का समान संरक्षण प्राप्त है एवं भारत का कानून सभी नागरिकों पर समान रूप से लागू होता है। उन्होंने महिलाओं एवं बच्चों को विधिक अधिकारों की जानकारी दी। पीसीपीएनडीटी (गर्भधारण पूर्व और प्रसव पूर्व निदान-तकनीक, लिंग चयन) प्रतिषेध अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए बताया कि गर्भवती स्त्री के गर्भ की जांच केवल इस उद्देश्य से करना है कि गर्भ में पल रहा बच्चा लड़का है या लड़की, कानूनन अपराध है। इसके अतिरिक्त किशोर न्याय अधिनियम, बाल विवाह प्रतिशेध अधिनियम, दहेज प्रतिशेध अधिनियम, घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम एवं पोक्सो अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों की जानकारी दी। बताया कि उत्तराखण्ड अपराध से पीड़ित सहायता योजना के अन्तर्गत किसी अपराध से पीड़ित व्यक्ति या उनके आश्रित उक्त योजना के अन्तर्गत प्रतिकर पाने के अधिकारी है। शिविर में जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल, उपजिलाधिकारी देवमूर्ति यादव एवं अन्य सभी विभागों के अधिकारीगण उपस्थित थे।

