NMOPS ने पहलगाम आतंकी घटना पर जताया शोक, 1 मई का दिल्ली धरना स्थगित किया, सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग
देहरादून।राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली आंदोलन (NMOPS) ने 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले पर गहरा दुख और आक्रोश व्यक्त किया है। संगठन ने इस हमले में मारे गए निर्दोष नागरिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए सरकार से आतंकवादियों और उग्रवादियों पर कठोर कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
NMOPS ने प्रधानमंत्री को भेजे पत्र में मांग की है कि मृतक परिवारों को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता दी जाए तथा परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए। साथ ही घायलों के समुचित निःशुल्क इलाज की भी मांग की गई है।
संगठन ने बताया कि पुरानी पेंशन बहाली व निजीकरण समाप्ति के लिए देशभर में आंदोलन जारी है। 1 अप्रैल 2025 को ‘काला दिवस’ और 1 मई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर विशाल धरना प्रस्तावित था। लेकिन पहलगाम हमले के बाद देश की संवेदनशील परिस्थितियों को देखते हुए NMOPS की राष्ट्रीय कार्यकारिणी ने आपात बैठक कर 1 मई का धरना राष्ट्रहित और मृतकों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए स्थगित करने का निर्णय लिया है।
संगठन के अनुसार, देश सर्वोपरि है और NMOPS देश की अखंडता और एकता के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। पत्र में यह भी कहा गया कि NMOPS का आंदोलन जारी रहेगा, लेकिन इस समय राष्ट्र के प्रति संवेदनशील रहना उनकी प्राथमिकता है।

