आईआईटी मद्रास वर दून विश्वविद्यालय की अकादमिक साझेदारी शिक्षण व शोध को नई दिशा देगा: प्रो सुरेखा डंगवाल

आईआईटी मद्रास वर दून विश्वविद्यालय की अकादमिक साझेदारी शिक्षण व शोध को नई दिशा देगा: प्रो सुरेखा डंगवाल
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देहरादून ।दून विश्वविद्यालय और आई.आई.टी. मद्रास ने भारत सरकार के अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ए.एन.आर.एफ.) के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित ‘पार्टनरशिप फॉर एक्सीलेरेटेड इनोवेशन एंड रिसर्च’ (पी.ए.आई.आर.) कार्यक्रम के सफल आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए दून विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर सुरेखा डंगवाल ने कहा कि अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ए.एन.आर.एफ.) की प्रतिष्ठित योजना के तहत फरवरी 2025 में दून विश्वविद्यालय को आई.आई.टी. मद्रास के “पार्टनरशिप फॉर एक्सीलेरेटेड इनोवेशन और रिसर्च (पी.ए.आई.आर.)” नेटवर्क में शामिल किया गया था इस पार्टनरशिप के तहत विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों शोधार्थियों एवं शिक्षकों को शोध एवं शैक्षणिक कार्यों में साझेदारी के अवसर प्राप्त होंगे

कुलपति ने आई.आई.टी. मद्रास के निदेशक प्रोफेसर वी. कामाकोटी को नेटवर्क में शामिल करने के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि इस पार्टनरशिप का उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एन.ई.पी.)-2020 के दृष्टिकोण के अनुरूप रिसर्च में अंतर-विषयक एवं बहुविषेक क्षेत्रों में सहयोग और नवाचार को बढ़ावा मिलेगा।

कार्यशाला में दून विश्वविद्यालय और आई.आई.टी. मद्रास के साथ ही भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान त्रिची, तमिलनाडु केंद्रीय विश्वविद्यालय, राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पुडुचेरी, एन.आई.टी. मिजोरम, भरथियार विश्वविद्यालय कोयंबटूर और कोचीन विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय साहित्यक्षा प्रतिष्ठित संस्थानों के प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया।

दून विश्वविद्यालय की रसायन विज्ञान विभाग प्राध्यापक और पेअर प्रोग्राम की मुख्य समन्वयक डॉ. चारू द्विवेदी ने बताया कि इस कार्यशाला में आई.आई.टी. मद्रास और उद्योग जगत के विभिन्न विशेषज्ञ ने काफी सारगर्भित व्याख्यानो से प्रतिभागियों को काफी लाभ हुआ।

कार्यशाला के विभिन्न क्षेत्रों में आई.आई.टी. मद्रास के प्रो. जॉन ऑगस्टीन, प्रो. जी.एल. सैमुअल, डॉ. चर्चित कुमार ने प्रतिभागियों का मार्गदर्शन करने के साथ ही जिज्ञासा भी शांति की। डेटा सिक्योरिटी काउंसिल ऑफ इंडिया के डॉ. भूपेश जनोती ने साइबर सिक्योरिटी के विभिन्न पहलुओं को स्पष्ट किया।

सीमेंस इंडस्ट्री के डॉ. आनंद फडनिस बेंगलुरु ने इंडस्ट्री 4.0 तथा विनिर्माण क्षेत्र में भारत की गति पर अपने अनुभव साझा किये। आई.आई.टी-बी.एच.यू. से डॉ. मयंक स्वर्णकार का सत्र बेहद रोचक रहा।

इस दो दिवसीय कार्यशाला में रोबस्ट और सिक्योर मल्टी-एजेंट सिस्टम, रोल ऑफ ए.आई. एंड मेट्रोलॉजी इन स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग, एडवांसड सेंसर फॉर स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग सिस्टमस, सिक्योरिटी फॉर इंडस्ट्री 5.0 ए.आई.- नेटिव कम्युनिकेशन, बिल्डिंग साइबर-फिजिकल रेसिलिएन्स इन इंडस्ट्री 4.0 जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञों ने विस्तार से प्रतिभागियों का मार्गदर्शन किया।

देवभूमि खबर

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