डीआईटी विश्वविद्यालय में यातायात पुलिस की जागरूकता कार्यशाला, 500 छात्र-छात्राओं को सड़क सुरक्षा और गुड सेमेरिटन कानून की दी जानकारी

देहरादून।डीआईटी विश्वविद्यालय, मसूरी रोड, देहरादून में सड़क सुरक्षा, यातायात नियमों एवं गुड सेमेरिटन (राहगीर योजना) विषय पर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई।
कार्यशाला का संचालन निरीक्षक यातायात श्री समरवीर सिंह रावत एवं उपनिरीक्षक आस मोहम्मद ने किया। उन्होंने छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को सड़क सुरक्षा के महत्व, यातायात नियमों का पालन करने तथा दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का संदेश दिया।

कार्यक्रम में प्रतिभागियों को फुटपाथ एवं जेब्रा क्रॉसिंग का उपयोग करने, सड़क पार करते समय दोनों ओर देखकर चलने, मोबाइल फोन का प्रयोग न करने, वाहन चलाते समय सीट बेल्ट और हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने तथा नशे की हालत में वाहन न चलाने के प्रति जागरूक किया गया। साथ ही वाहन चलाते समय मोबाइल फोन के उपयोग से होने वाले खतरों के बारे में भी जानकारी दी गई।
निरीक्षक समरवीर सिंह रावत ने “गोल्डन ऑवर (राहगीर योजना)” के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि सड़क दुर्घटना के बाद घायल व्यक्ति को समय पर अस्पताल पहुंचाने से उसकी जान बचाई जा सकती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सहायता करने वाले गुड सेमेरिटन (राहगीर) को किसी भी प्रकार की अनावश्यक कानूनी प्रक्रिया में नहीं उलझाया जाता, जिससे लोग बिना किसी डर के दुर्घटना पीड़ितों की मदद कर सकें।
कार्यक्रम में लगभग 500 छात्र-छात्राओं एवं अध्यापकों ने भाग लिया और सभी ने सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर निरीक्षक यातायात समरवीर सिंह रावत, उपनिरीक्षक आस मोहम्मद तथा डीआईटी विश्वविद्यालय के प्रशासनिक प्रमुख नवीन सिंघल सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक एवं अधिकारी उपस्थित रहे।

