नई टिहरी में मेडिकल कॉलेज की मांग को लेकर धरना 14वें दिन भी जारी, आंदोलनकारियों ने दी उग्र आंदोलन की चेतावनी

नई टिहरी। जिला मुख्यालय नई टिहरी में मेडिकल कॉलेज निर्माण की मांग को लेकर संयुक्त संघर्ष समिति का धरना शनिवार को 14वें दिन भी जारी रहा। वहीं सत्याग्रही जीत राम भट्ट का सत्याग्रह भी 28वें दिन जारी रहा। धरना स्थल पर उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी मंच के पदाधिकारियों सहित बड़ी संख्या में राज्य आंदोलनकारियों ने पहुंचकर आंदोलन को अपना समर्थन दिया।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी उत्तराखंड के महासचिव एवं राज्य आंदोलनकारी राकेश राणा ने कहा कि राज्य सरकार को नई टिहरी में मेडिकल कॉलेज निर्माण के मुद्दे पर राजनीति बंद कर जनभावनाओं का सम्मान करना चाहिए और शीघ्र निर्माण कार्य शुरू करना चाहिए। उन्होंने कहा कि टिहरी के साथ उत्तरकाशी जनपद का भी बड़ा क्षेत्र नई टिहरी के निकट है। पहाड़ों से पलायन रोकने के लिए सरकार को शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं को प्राथमिकता देनी होगी।
सत्याग्रही जीत राम भट्ट एवं राज्य आंदोलनकारी मंच के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सैयद मुशर्रफ अली ने कहा कि नई टिहरी में मेडिकल कॉलेज के लिए पर्याप्त भूमि और आवश्यक संसाधन उपलब्ध हैं। जिला चिकित्सालय परिसर में 100 बेड का अस्पताल पहले से तैयार है। इसके अलावा पूर्व जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति द्वारा चिन्हित करीब 72 हजार वर्गफुट भूमि उपलब्ध है, जिसमें लगभग 22 हजार वर्गफुट क्षेत्र में भवन एवं आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर पहले से निर्मित है। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद मेडिकल कॉलेज निर्माण में देरी समझ से परे है।
मंच के महासचिव किशन सिंह रावत एवं प्रवक्ता डॉ. विक्रम सिंह कठैत ने कहा कि सरकार में जनप्रतिनिधियों, टिहरी विधायक और स्वास्थ्य मंत्री को आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर जनहित में निर्णय लेना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने शीघ्र मेडिकल कॉलेज निर्माण को लेकर ठोस निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा।
संयुक्त संघर्ष समिति के अध्यक्ष डॉ. राकेश भूषण गोदियाल एवं संरक्षक महिपाल सिंह ने कहा कि अब आंदोलन को और व्यापक बनाने का समय आ गया है। उन्होंने सरकार से पूर्व घोषणा के अनुरूप नई टिहरी जिला मुख्यालय में मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य अविलंब शुरू करने की मांग की।
धरने में देवेंद्र नौटियाल, हरेंद्र सिंह तोपवाल, शंभू सिंह भंडारी, बलबीर सिंह कोहली, सभासद नवीन सेमवाल, लखबीर चौहान, दिलशाद अहमद, बाल आंदोलनकारी माइज अली, गंगा भगत सिंह नेगी, कुलदीप सिंह पवार, पंचम सिंह बिष्ट, कमल सिंह महर, डॉ. उमेद सिंह नेगी, जिला पंचायत सदस्य विजयपाल रावत, गबर सिंह रावत, अमित रतूड़ी, भगवान चंद्र रमोला, किशोरी लाल चमोली, शीला देवी चमोली, सत्येंद्र सिंह, संतोष आर्य, राजीव रावत, राहुल बुटोला सहित बड़ी संख्या में आंदोलनकारी मौजूद रहे।
