शराब कंपनी से 71 लाख की धोखाधड़ी
हल्द्वानी ।देवभूमि खबर। भोपाल की मशहूर सोम डिस्टिलरीज एंड ब्रेवरीज कंपनी में लाखों रुपये का घोटाला करने के बाद हल्द्वानी व दून निवासी फरार हो गये। यहां पर उसने ऐशोआराम की जिंदगी शुरू कर दी। शनिवार को शहर पहुंची भोपाल पुलिस ने उसे दबोचा तो पूरा मामला खुला। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे भोपाल ले जाया गया है। बताया जा रहा है कि उसका एक और साथी अभी फरार है। बताया जाता है कि दोनों अभियुक्तों ने देहरादून में कंपनी के नाम से फर्जी तरीके से एकाउंट खोलकर घोटाला किया है।
शनिवार को भोपाल पुलिस के एएसआई नरेंद्र पांडे अपनी टीम के साथ हल्द्वानी पहुंचे। उन्होंने बताया कि रोजड़ाचक भटला भोपाल की शराब कंपनी सोम डिस्टिलरीज एंड ब्रेवरीज के पीआरओ आलोक मीणा ने 28 अगस्त 2017 को भोपाल थाने में तहरीर देते हुए देहरादून निवासी अंबर जायसवाल व हल्द्वानी निवासी लक्ष्मीकांत पसपोला पर कंपनी के फर्जी तरीके से एकाउंट खोलकर 71 लाख रुपये के घोटाले का आरोप लगाया था। ये कंपनी मशहूर बीयर ‘हंटर्य बनाती है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी। पांडे ने शनिवार को हल्द्वानी के शांतिनगर निवासी लक्ष्मीकांत पसपोला को दबिश के बाद हिरासत में ले लिया। हिरासत में लेकर उससे गहनता से पूछताछ की। पूछताछ में पसपोला ने बताया कि अंबर जायसवाल शराब कंपनी में बतौर एजेंट काम करते थे। अंबर के कहने पर उसने अपनी आईडी लगाकर शराब कंपनी के नाम से फर्जी दस्तावेज लगाकर पीएनबी व आईडीबीआई देहरादून की ब्रांच में एक खाता खोला था। जो पैसा शराब के कारोबारियों ने कंपनी के खाते में डालना था। इन लोगों ने मिलकर कारोबारियों से अपने फर्जी खाते में पैसा डलवाना शुरू कर दिया था। जब कंपनी ने शराब कारोबारियों से बकाया मांगना शुरू किया तो कारोबारियों ने खाते में पैसा जमा करने की रसीद दिखाई तब जाकर कंपनी को धोखाधड़ी का आभास हुआ। कंपनी ने जांच कराई तो पता चला कि लक्ष्मीकांत पसपोला के नाम से दो खाते खुले हैं जिससे कंपनी का पैसा पसपोला व अंबर जायसवाल ने 71 लाख रुपये हड़प लिये हैं। भोपाल पुलिस ने मुकदमा लिखने के बाद दोनों आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी। जिसमेें पसपोला के खाता खुलवाने में आधार कार्ड, पहचान पत्र सहित अन्य दस्तावेज लगे थे। इतना ही नहीं इन दोनों आरोपियों ने देहरादून से एक जिला पंचायत सदस्य के लेटर हेड पर हस्ताक्षर कराकर बैंक में अपनी आईडी प्रमाण पत्र भी प्रस्तुत किया है। भोपाल पुलिस ने लक्ष्मीकांत पसपोला को गिरफ्तार कर किया। हल्द्वानी के एसीजीएम न्यायालय में पेश कर उसे भोपाल ले गई है।
पसपोला ने अंबर पर मढ़ा सारा दोष
पुलिस हिरासत में पसपोला ने कहा कि अंबर जायसवाल ने धोखाधड़ी की है। चूंकि वह उसे पिछले काफी वक्त से जानता था। इसलिए उसकी बातों में आ गया। इसी विश्वास में आकर उसने अपने सारे कागजात अंबर के पास रखवा दिये थे। अंबर ने उसके साथ विश्वासघात किया। रकम के बारे में उसे कोई जानकारी नहीं है। वह बेकसूर है।
