नैनीताल में खड़ी होली की शुरुआत नयना मंदिर देवी से हुई शुरू
रिपोर्ट ।ललित जोशी
रिपोर्ट- नैनीताल
नैनीताल- सरोवर नगरी आज पूरी होली रंग से व होली गीतों रंग मयी हो गयी । बाहर से आये होल्यारों ने आज वर्षों पुरानी यादों को तरोताजा कर दिया यहाँ बता दें अपनी होली की परम्परा को आगे चलाते हुएसफेद कुर्ता,चूड़ीदार पैजामा और सिर में टोपी पहनकर अबीर,गुलाब से सना होल्यार और फिजाओं में गूंजते होली के स्वर जो तन,मन प्रफुल्लित कर रहे हैं नयना देवी मंदिर के प्रांगण में जब कुमाऊं भर से आये होल्यारों ने इस लोक विधा का मंचन किया तो पूरा शहर होली के रंगों में इसके उत्साह में सरोबार हो गया।
कुमाऊं में खड़ी होली का गौरवशाली इतिहास रहा है ऐसा माना जाता है कि कत्यूर व चंद शासकों के समय से यहाँ खड़ी होली प्रचलन में है। वैसे तो कुमाऊं में खड़ी होली,बैठ होली और महिला होली तीनों का ही विशेष महत्व है पर खड़ी होली इसलिये विशिष्ट हो जाती है क्योंकि इसमें गायन के साथ-साथ नर्तन भी है गायन और रागों के उतार चढ़ाव के साथ कदमों की ताल यानी गायन शैली के साथ कदमों की लय भी बदलती रहती है । इस होली से युवाओं ने ज्ञान लेना चाहिए नही तो यह परम्परा भी उसी प्रकार खत्म होने के कगार पर आ जायेगी जैसे अन्य त्यौहार।

