चमोली में अपराध गोष्ठी: चारधाम यात्रा तैयारियों पर जोर, मेडिको-लीगल प्रशिक्षण से विवेचकों को मिला मार्गदर्शन
चमोली।जनपद चमोली में 28 मार्च 2026 को पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार की अध्यक्षता में मासिक अपराध गोष्ठी आयोजित की गई, जिसमें जनपद के समस्त राजपत्रित अधिकारी, थाना प्रभारी, फायर सर्विस, दूरसंचार एवं अन्य शाखाओं के अधिकारी शामिल हुए। गोष्ठी में अपराधों की समीक्षा के साथ आगामी चारधाम यात्रा को सुरक्षित और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने पर विशेष फोकस किया गया।
गोष्ठी की शुरुआत एसीएमओ भगवती प्रसाद पुरोहित के मेडिको-लीगल विषय पर विस्तृत व्याख्यान से हुई। उन्होंने आपराधिक मामलों में चिकित्सीय परीक्षण की भूमिका, साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया और उसके न्यायिक महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। विशेष रूप से महिला अपराध, यौन अपराध, चोट और दुर्घटनाओं से जुड़े मामलों में समयबद्ध और सही प्रक्रिया अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। इस दौरान विवेचकों ने अपनी व्यावहारिक समस्याएं साझा कीं, जिनका समाधान करते हुए एसीएमओ ने जांच प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने के लिए महत्वपूर्ण सुझाव दिए। कार्यक्रम के अंत में एसपी चमोली द्वारा एसीएमओ को सम्मानित करते हुए उनके योगदान की सराहना की गई।
अपराध गोष्ठी में एसपी चमोली ने भराड़ीसैंण में आयोजित विधानसभा बजट सत्र को सकुशल संपन्न कराने पर पुलिस बल को बधाई दी। साथ ही चारधाम यात्रा के दृष्टिगत यात्रा मार्गों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, सीसीटीवी कैमरों की स्थापना, पुलिस बैरियर, पार्किंग एवं होल्डिंग प्वाइंट्स विकसित करने के निर्देश दिए गए। जाम की समस्या से निपटने के लिए नए पार्किंग स्थलों के चिन्हांकन और अवैध अतिक्रमण हटाने हेतु संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने को कहा गया।
यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए चिन्हित बॉटलनेक्स पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती और वायरलेस सेट के माध्यम से प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। दूरसंचार व्यवस्था को मजबूत बनाने और यात्रा मार्गों पर अवरोधों को समय रहते हटाने के लिए भी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया। आगामी रम्माण, तिमुंड्या मेला और नीति घाटी में आयोजित होने वाली अल्ट्रा मैराथन को देखते हुए समय पर सभी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए।
एसपी चमोली ने आपदा प्रबंधन को लेकर भी गंभीरता दिखाते हुए सभी थाना प्रभारियों को उपकरणों की जांच करने और पुलिस कर्मियों को एसडीआरएफ एवं अग्निशमन शाखा के माध्यम से प्रशिक्षण दिलाने के निर्देश दिए। साइबर अपराधों के मामलों में त्वरित कार्रवाई करते हुए अन्य राज्यों में टीम भेजकर आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। साथ ही लंबित मामलों के शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण तथा एमवी एक्ट के तहत कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए गए। फायर सीजन को देखते हुए सभी थाना और फायर स्टेशन प्रभारियों को 24 घंटे अलर्ट मोड में रहने को कहा गया।
गोष्ठी के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिस कर्मियों को सम्मानित भी किया गया। प्रयागराज महाकुंभ मेला-2025 में उत्कृष्ट सेवा के लिए हेड कॉन्स्टेबल अभिषेक राणा को “महाकुंभ सेवा मेडल” और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया, जबकि उपनिरीक्षक सतेन्द्र बुटोला और अपर उपनिरीक्षक भूपेन्द्र सिंह को “पुलिस मैन ऑफ द मंथ” चुना गया।
कार्यक्रम में पुलिस उपाधीक्षक मदन सिंह बिष्ट, त्रिवेन्द्र सिंह राणा सहित सभी संबंधित अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

