लंढौरा में सरकारी जमीन पर चल रहा है खुलेआम अवैध खनन
लंढौरा ।देवभूमि खबर। पुलिस व नगर पंचायत अधिकारियों की मिलीभगत के चलतें लंढौरा में सरकारी भूमि पर खुलेआम रेत का खनन किया जा रहा है। आईटी आई कॉलेज के प्रधानाचार्य का कहना है कि कई बार पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को शिकायत कर खनन पर रोक लगाने की मांग की जा चुकी है। लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।
ऋकस्बा लंढौरा के लक्सर मार्ग पर शिकारपुर पुलिया से करीब आधा किलोमीटर दूरी पर राजकीय औधोगिक प्रशिक्षण संस्थान स्थित है। इसी के बराबर में खाली पड़ी कई एक्क्ड जमीन सरकारी है। इसी भूमि पर नगर पंचायत ने दो साल पहले कूड़ा एकत्र करने के लिए भवनों का निर्माण कराया था। सरकारी भूमि पर काफी समय से ट्रैक्टर ट्रॉलियों से बड़े पैमाने पर रेत का खनन खनन किया जा रहा है। खनन के चलते 20 मीटर से अधिक की खुदाई की जाने से आईआईटी कॉलेज की चारदिवारी को खतरा उतपन्न हो गया है। कॉलेज अनुदेशक खादिम अली और प्रधानाचार्य मनमोहन कुड़ियाल का कहना है कि इस संबंध में कई बार प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को लिखित शिकायत कर सरकारी जमीन पर किये जा रहे खनन को रोकने की मांग की जा चुकी है। लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा। जिसके चलते सरकारी भूमि आसपास के खेतों से 60 फीट से अधिक गहरी हो चुकी है। नगर पंचायत ईओ राजेंद्र सैनी का कहना है कि सरकारी भूमि पर खनन करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
खनन करते पकड़े गए वाहन को हजारों लेकर छोड़ा
लंढौरा में रेत का खनन करते पकड़े गए ट्रैक्टर ट्रॉली को छोड़ने का मामला सामने आया है। बताया गया है कि खनन में पकड़े गए वाहन को छह हजार आठ सौ रुपये लेकर छोड़ा गया है। रविवार को प्रशासनिक टीम ने लंढौरा में खनन को लेकर छापामार कार्रवाई की थी। इस दौरान रेत से भरी ट्रैक्टर ट्रॉली को पकड़ा गया था। लोगों का कहना है कि बाद में आरोपी ट्रैक्टर मालिक ने साठ गांठ कर पकड़े गए वाहन को छुड़ा लिया। बताया गया है कि छह हजार आठ सौ रुपये में ट्रैक्टर ट्रॉली को छोड़ दिया गया।
