अभ्युदय वात्सल्यम् संस्था द्वारा औषधीय एवं फलदार पौधों का रोपण, लोक संस्कृति संग पर्यावरण संरक्षण का संदेश

अभ्युदय वात्सल्यम् संस्था द्वारा औषधीय एवं फलदार पौधों का रोपण, लोक संस्कृति संग पर्यावरण संरक्षण का संदेश
Spread the love

देहरादून। अभ्युदय वात्सल्यम् संस्था लोक कला, लोक संस्कृति के प्रचार-प्रसार के साथ ही जल संरक्षण व पर्यावरण संरक्षण हेतु निरंतर सक्रिय है। संस्था प्रदेश में जरूरतमंद बच्चों, महिलाओं और वृद्धों की सेवा, स्वास्थ्य एवं पोषण अभियान समेत विभिन्न सामाजिक कार्यों में अपनी सक्रिय भागीदारी निभा रही है।

संस्था की अध्यक्ष एवं निदेशक डॉ. (श्रीमती) गार्गी मिश्रा ने बताया कि दिनांक 01 जुलाई 2025 से 15 जुलाई 2025 तक देहरादून के विभिन्न विद्यालयों और संस्थानों में औषधीय पौधों तथा फलदार वृक्षों का रोपण, पर्यावरण संरक्षण, जल संचयन और भूमिगत जल संरक्षण जैसे विषयों पर कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में यमुना कॉलोनी, देहरादून में भी औषधीय एवं फलदार पौधों का वृक्षारोपण किया गया।

डॉ. गार्गी मिश्रा ने बताया कि संस्था पूर्व की भांति इस वर्ष भी “हरेला उत्सव लोक संस्कृति महोत्सव” का आयोजन 16 जुलाई 2025, दिन बुधवार को कर रही है। इस महोत्सव में उत्तराखण्ड राज्य के विभिन्न लोक संस्कृति कलाकार पर्यावरण, जल संरक्षण और लोक पर्वों की महत्ता पर आधारित प्रस्तुतियाँ देंगे।

संस्था की यह पहल उत्तराखण्ड की लोक परंपराओं को सहेजते हुए जल व पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायक कदम है।

यमुना कॉलोनी में आयोजित वृक्षारोपण कार्यक्रम में डॉ. अशोक कुमार मिश्र ‘क्षितिज’, श्री गिरीश सनवाल ‘पहाड़ी’, श्री हरीश मेहरा, श्री महेश जोशी, श्री मनोज सामंत, श्रीमती वंदना सनवाल, श्रीमती नंदी मेहरा, श्रीमती जोशी, श्रीमती माधवी नेगी, श्री मोहन नेगी सहित अन्य गणमान्य नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

देवभूमि खबर

Related articles