अपर मुख्य सचिव गृह ने पुलिस मुख्यालय में की पुलिस उच्च अधिकारियों के साथ बैठक
देहरादून।।अपर मुख्य सचिव, गृह श्री आनन्द बर्द्धन ने पुलिस मुख्यालय देहरादून में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ पुलिस विभाग से सम्बंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा/विचार-विमर्श किया ।
उक्त विचार-विमर्श के दौरान पुलिस उप महानिरीक्षक, अपराध एवं कानून व्यवस्था, उत्तराखण्ड- श्री नीलेश आनन्द भरणे द्वारा प्रस्तुतिकरण के माध्यम से पुलिस विभाग के मुद्दों के सम्बन्ध में उनको अवगत कराया गया।
अपर मुख्य सचिव, गृह ने प्रधानमंत्री द्वारा दिए गए विजन SMART Policing पर उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा किये जा रहे कार्यों की सराहना की।
बैठक में निम्न बिन्दुओं पर चर्चा और विचार-विमर्श किया गया-
- कार्मिक, प्रोवजिनिंग, आधुनिकीकरण, पुलिस कल्याण, कानून व्यवस्था, फायर, संचार, ड्रग्स, साइबर क्राइम आदि मुद्दों पर गहराई से मंथन एवं चर्चा।
- एंटी ड्रग्स, नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केन्द्रों हेतु पॉलिसी पर चर्चा।
- पायलट प्रोजेक्ट के रूप में तीन जनपदों- ऊधमसिहनगर, देहरादून, हरिद्वार में ट्रैफिक थाने खोले जाने पर भी चर्चा।
- अतिमहत्वपूर्ण यथा धारी, केदारकांठा, चोपता आदि में थाने/चौकियां खोले जाने पर चर्चा।
- श्रीनगर एवं अल्मोड़ा में साइबर थाने की शाखा खोले जाने पर चर्चा।
- जवानों के 4600 ग्रेड पे को शीघ्र कराये जाने पर चर्चा करते हुए अनुरोध किया गया।
- उपनिरीक्षक एवं मुख्य आरक्षी नियमावली में संशोधन जल्द से जल्द पारित करने हेतु अनुरोध।
- गैरसैंण में आईआरबी की तीसरी बटालियन की स्थापना पर चर्चा।
- सिटी एवं हाइवे पेट्रोल हेतु आधुनिक वाहनों की स्वीकृति हेतु अनुरोध किया गया।
- जवानों को वर्दी के स्थान पर वर्दी भत्ता दिये जाने पर अपर मुख्य सचिव, गृह द्वारा सहमति व्यक्त की गयी।
- पुलिस कर्मियों हेतु पुरस्कार राशि को बढ़ाये जाने पर चर्चा करते हुए सैद्धांतिक सहमति दी गयी।
- पुलिस आधुनिकीकरण हेतु बजट बढ़ाये जाने का अनुरोध किया गया।
- नई फायर यूनिट खोले जाने तथा प्रशिक्षण भत्ते प्रदान करने का अनुरोध।
- प्रदेश में पुलिस भवनों, थाना/चौकियों के भवनों हेतु बजट रिलीज करने और बढ़ाने का अनुरोध।
- निष्क्रिय वाहनों के स्थान पर नए वाहनों स्वीकृत करने पर चर्चा।
- पीएसी के जवानों को मूवमेंट हेतु ट्रकों के स्थान पर बसों से मूवमेंट कराने हेतु बसों का नियतन बढ़ाने हेतु अनुरोध।
पुलिस महानिदेशक, उत्तराखण्ड श्री अशोक कुमार ने उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा किये जा रहे कार्यों एवं उपलब्धियों के सम्बन्ध में कहा कि उत्तराखण्ड पुलिस ने विगत वर्षों में काफी कुछ हासिल किया है, संवेदनशील पुलिसिंग की ओर भी काफी काम हुआ है, साइबर में बहुत काम हुआ है। अपराध एवं कानून व्यवस्था में हम देशभर में अच्छा कर रहे हैं। हमें infrastructure और आधुनिकरण हेतु शासन की मदद की आवश्यकता है। प्रधानमंत्री की स्मार्ट पुलिसिंग की अवधारणा पर उत्तराखण्ड पुलिस अग्रसर है।
अपर मुख्य सचिव, गृह, उत्तराखण्ड शासन श्री आनन्द बर्द्धन, ने कहा कि उत्तराखण्ड पुलिस को स्मार्ट पुलिस बनाने में शासन पुलिस मुख्यालय के साथ है और हम इस ओर पूरा सहयोग करेंगे।
बैठक में उत्तराखण्ड शासन के सचिव गृह- श्री रंजीत सिन्हा, अपर सचिव गृह- श्री कृष्ण कुमार वी0के0, अपर सचिव गृह- श्री अतर सिंह, सहित अपर पुलिस महानिदेशक, सी0बी0सी0आई0डी0/पीएसी- श्री पी0वे0के0 प्रसाद, अपर पुलिस महानिदेशक, प्रशासन- श्री अभिनव कुमार, पुलिस महानिरीक्षक, पी/एम- श्री अमित सिन्हा, पुलिस महानिरीक्षक, अपराध एवं कानून व्यवस्था- श्री वी0 मुरूगेशन, पुलिस महानिरीक्षक, अभिसूचना एवं सुरक्षा- श्री संजय गुंज्याल, पुलिस महानिरीक्षक, फायर- श्री ए0पी0 अंशुमान, पुलिस महानिरीक्षक, प्रशिक्षण- श्री पूरन सिंह रावत, पुलिस महानिरीक्षक, कार्मिक- श्री पुष्पक ज्योति, सहित अन्य पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।

