स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार एवं स्वास्थ्य लाभ पहुंचाने के मध्यनजर एक वर्षीय कार्ययोजना तैयार की जायेगी:डॉ0 धन सिंह रावत

स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार एवं स्वास्थ्य लाभ पहुंचाने के मध्यनजर एक वर्षीय कार्ययोजना तैयार की जायेगी:डॉ0 धन सिंह रावत
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देहरादून।प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार एवं आम जनता को स्वास्थ्य लाभ पहुंचाने के मध्यनजर एक वर्षीय कार्ययोजना तैयार करने के लिए शीघ्र ही दो दिवसीय स्वास्थ्य चिंतन शिविर का आयोजन किया जायेगा। जिसमें देश एवं प्रदेशभर के चिकित्सकों एवं विशेषज्ञों को आमंत्रित किया जायेगा। चिंतन शिविर में प्राप्त सुझावांं एवं लिये गये निर्णयों के आधार पर स्वास्थ्य सेवाओं के क्रियान्वयन के लिए एक वर्षीय कार्ययोजना तैयार की जायेगी।

विश्व स्वास्थ्य दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम ‘हमारा ग्रह हमारा स्वास्थ्य’ को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ0 धन सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार एवं आम जनता को स्वास्थ्य लाभ पहुंचाने के मध्यनजर एक वर्षीय कार्ययोजना तैयार की जायेगी। जिसके लिए शीघ्र दो दिवसीय स्वास्थ्य चिंतन शिविर का आयोजन किया जायेगा। जिसमें देश एवं प्रदेशभर के प्रख्यात चिकित्सकों एवं विशेषज्ञों को आमंत्रित कर उनके सुझावों को शामिल करते हुए विभाग द्वारा एक वर्षिय कार्ययोजना तैयार की जायेगी। उन्होंने कहा कि कोविड काल के दौरान विभिन्न चिकित्सालयों एवं मेडिकल कॉलेजों में अपनी सेवा देने वाले जिन आउटसोर्स कार्मिकों को 31 मार्च के उपरांत सेवा से हटा दिया गया है, उन्हें पुनः रिक्त पदों के सापेक्ष समायोजित किया जायेगा। इसके लिए सभी जनपदों के मुख्य चिकित्साधिकारियों एवं मेडिकल कॉलेज के प्राचार्यों से एक सप्ताह के भीतर रिक्तियों का विवरण उपलब्ध कराने को कहा गया है। उपलब्ध रिक्तियों के आधार पर हटाये गये कार्मिकों के समायोजन का प्रस्ताव शीघ्र कैबिनेट बैठक में रखा जायेगा।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि आयुष्मान कार्ड एवं गोल्डन कार्ड धारकों को उपचार के दौरान जिन दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है उनके शीघ्र निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर दिया गया है। निजी अस्पतालों के पंजीकरण संबंधी क्लीनिकल एक्ट की खामियों को शीघ्र दूर करने का आश्वासन देते हुए डॉ0 रावत ने कहा कि इस संबंध में भी जल्द से जल्द निर्णय ले लिया जायेगा।

कार्यक्रम में निदेशक एनएचएम डॉ0 सरोज नैथानी ने सामुदायिक भागीदारी के लिए स्वास्थ्य मेलों, रैलियों, रक्तदान शिविरों एवं स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रमों के आयोजन को जरूरी बताया। सीनियर कंसलटेंट, राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण डॉ0 गिरीशी जोशी ने बाढ़, बर्फीले तूफान, हिमस्खलन जैसी गंभीर मौसमी घटनाओं के दौरान स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभावों को सलाइड शो के माध्यम से समझाया। जबकि पूर्व पीसीसीएफ उत्तराखंड एस0टी0एस0 लेप्चा ने वन प्लेनेट वन हेल्थ पर अपने विचार रखे। एस0डी0सी0 फाउंडेशन देहरादून के संस्थापक अनूप नौटियाल , आयुर्वेदिक फिजीशियन डॉ0 शिखा प्रकाश , ग्लोबल सॉल्यूशन इन इंडिया की निदेशक प्रशिक्षण प्रो0 आशा रानी कपूर ने विचार व्यक्त किये। इस अवसर स्वास्थ्य मंत्री डॉ0 धन सिंह रावत ने वक्ताओं को सम्मानित किया ।

कार्यक्रम में स्वास्थ्य सचिव पंकज पांडेय, निदेशक एनएचएम सरोज नैथानी,स्वास्थ्य विभाग के राज्य एवं जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ ही मेडिकल एवं पैरामेडिकल के छात्र-छात्राएं भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन आई0ई0सी0 कोर्डिनेटर जे0सी0 पाण्डेय ने किया।

देवभूमि खबर

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