देवप्रयाग की पवित्रता बनाए रखने की मांग , व्हिस्की प्लांट आस्था से खिलवाड़ःरतूड़ी
देहरादून। देवप्रयाग में व्हिस्की प्लांट को लेकर मुद्दाविहीन सुस्त पड़ी कांग्रेस में जान आ गई है। इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस आक्रामक तेवर अपना रही है। कांग्रेस प्रवक्ता आरपी रतूड़ी ने कहा कि इस सरकार का शराब के प्रति प्रेम शुरु से इसकी आबकारी नीति से ही जाहिर होता रहा है। शराब कारोबारियों के हित में आबकारी नीति बनाई जाती रही और महिलाओं के विरोध को अनसुना किया जाता रहा। रतूड़ी ने कहा कि जिस देवप्रयाग से लोग गंगाजल लेकर जाते हैं। वहां सरकार अब शराब परोसने जा रही है.।जोकि लोगों की धार्मिक अस्था से खिलवाड है। कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि अगर शराब अच्छी है तो सीएम अपने पुश्तैनी गांव में खैरासैंण में क्यों हीं एक प्लांट लगवाते? उन्होंने सरकार से देवप्रयाग की स्वच्छता, पवित्रता बनाए रखने की मांग की.त्तराखंड बीजेपी ने सीएम के बयान को एकदम सही बताया है। पार्टी प्रवक्ता शादाब शम्स कहते हैं कि देवप्रयाग में लगने वाला हिल टॉप व्हिस्की का सिर्फ बॉटलिंग प्लांट है। इससे स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा। वह यह भी कहते हैं कि कांग्रेस इस मामले में झूठ बोल रही है। शादाब शम्स के अनसार हरीश रावत के समय दिया गया लाइसेंस वाइनरी का नहीं एफएल2 (अंग्रेजी शराब) का था। पौड़ी के सांसद तीरथ सिंह रावत इस मामले पर सरकार के स्टैंड से सहमत नहीं दिखे। उन्होंने कहा कि अगर शराब प्लांट से देवप्रयाग की गंगा नदी को नुकसान हो रहा है तो सरकार को अपने फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए।

