मायावती के सुषमा स्वराज की अंतिम यात्रा में शामिल होने पर इकबाल ने दिया पार्टी से इस्तीफा
बसपा सुप्रीमो मायावती के पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की अंतिम यात्रा में शामिल होने पर उनकी पार्टी से चुनाव लड़ चुके गौहर इकबाल ने इस्तीफा दे दिया है। गौहर इकबाल को भाजपा विधायक स्व. लोकेंद्र चौहान की अंतिम यात्रा में शामिल होने पर बसपा सुप्रीमो ने पार्टी से निष्कासित कर दिया था। गौहर इकबाल ने मायावती पर आगामी चुनावों के टिकट देने के नाम पर अभी से पैसे की उगाही करने का और हर मुद्दे पर भाजपा के साथ खड़े होने का आरोप लगाया है।
बसपा सुप्रीमो को भेजे पत्र में गौहर इकबाल ने कहा है कि आज संकट के दौर में खासतौर से मुस्लिम व अनुसूचित समाज अपने को अकेला और ठगा सा महसूस कर रहा है। ऐसे दौर में भी मायावती टिकट के नाम पर 2022 के विधानसभा चुनाव हेतु पैसे की उगाही और अपनी काली संपत्ति को बचाने में लगी हुई हैं। गौहर इकबाल ने लिखा है कि जब जब मुस्लिम समाज पर संकट आया है, उन्होंने मुस्लिमों को अपने से दूर कर लिया। वे 2017 में बसपा के टिकट पर चुनाव लड़े और हार गए। हारने के फौरन बाद उन्होंने उनसे 12 लाख रुपये की मांग की और रुपये न देने पर पार्टी से निष्कासित कर दिया। कुछ समय बाद चंदा लेकर फिर से पार्टी ज्वाइन कराई।

