पिथौरागढ़।संघ लोक सेवा आयोग की प्रतिष्ठित UPSC में 189वीं रैंक प्राप्त कर आईआरएस के लिए चयनित हुए आदित्य पाठक को जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई ने सम्मानित किया। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने आदित्य पाठक तथा उनके माता-पिता माधवानंद पाठक और मंजुला पाठक को पुष्पगुच्छ भेंट कर उनकी उल्लेखनीय उपलब्धि पर बधाई दी।
जिलाधिकारी ने कहा कि आदित्य पाठक ने पिथौरागढ़ जनपद का नाम पूरे देश में रोशन किया है। उनकी यह उपलब्धि जिले के युवाओं के लिए प्रेरणादायक है और इससे आने वाली पीढ़ी को भी बड़े लक्ष्य निर्धारित कर उन्हें प्राप्त करने की प्रेरणा मिलेगी। उन्होंने कहा कि कड़ी मेहनत, लगन और दृढ़ संकल्प के बल पर किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।
पिथौरागढ़ जिले के लिए यह गर्व का विषय है कि यहां के एक युवा ने देश की सबसे कठिन और प्रतिष्ठित परीक्षाओं में से एक यूपीएससी में सफलता हासिल की है। आदित्य पाठक मूल रूप से पिथौरागढ़ जिले के बेरीनाग ब्लॉक के उपराड़ा गांव के निवासी हैं और वर्तमान में पिथौरागढ़ के रई क्षेत्र में निवास करते हैं। उनके पिता माधवानंद पाठक जीआईसी दिगतोली से शिक्षक पद से सेवानिवृत्त हुए हैं, जबकि उनकी माता मंजुला पाठक हाईस्कूल रिण बिछुल में शिक्षिका के रूप में कार्यरत हैं।
आदित्य पाठक और उनके माता-पिता ने इस सम्मान के लिए जिलाधिकारी का आभार व्यक्त किया। आदित्य ने कहा कि उनकी सफलता का उद्देश्य समाज और देश की सेवा करना है तथा वे भविष्य में अपने कर्तव्यों का ईमानदारी और समर्पण के साथ निर्वहन करेंगे।
उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा Don Bosco School पिथौरागढ़ से प्राप्त की और इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई वहीं से पूरी की। इसके बाद उन्होंने University of Delhi से अर्थशास्त्र में ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की तथा मुंबई से अर्थशास्त्र में मास्टर डिग्री हासिल की। स्नातक के दौरान ही उन्होंने यूपीएससी की तैयारी शुरू कर दी थी।
आदित्य ने बताया कि उन्होंने तैयारी के लिए किसी कोचिंग संस्थान की मदद नहीं ली। सामान्य दिनों में वे 8 से 10 घंटे तथा परीक्षा से पहले 12 से 14 घंटे तक पढ़ाई करते थे। उन्हें यह सफलता चौथे प्रयास में प्राप्त हुई और उन्होंने इसका श्रेय अपने माता-पिता तथा परिवार के सहयोग को दिया।
उन्होंने बताया कि पहले के प्रयासों में असफलता मिलने पर निराशा जरूर होती थी, लेकिन परिवार के विश्वास और निरंतर मेहनत ने उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा दी और अंततः उन्होंने अपने लक्ष्य को हासिल कर लिया।
आदित्य पाठक की इस सफलता से उपराड़ा गांव सहित पूरे पिथौरागढ़ जनपद में खुशी और गर्व का माहौल है। स्थानीय लोगों ने उन्हें बधाई देते हुए उनकी उपलब्धि को युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताया।

