स्यानाचट्टी झील को खोलने के प्रयास जारी, मुख्यमंत्री ने दिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने के निर्देश
उत्तरकाशी। यमुना वैली के स्यानाचट्टी में मलबा आने से बनी कृत्रिम झील को खोलने के प्रयास तेज हो गए हैं। पीडब्ल्यूडी, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, सिंचाई विभाग, फायर एवं पुलिस की टीमें लगातार जल निकासी और सुरक्षा प्रबंधन में जुटी हैं। पिछले एक घंटे में झील के जलस्तर में लगभग दो फीट की कमी दर्ज की गई है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन को निर्देश दिए हैं कि झील से सुरक्षित जल निकासी एवं चैनलाइजेशन हेतु जिला प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर त्वरित कार्रवाई की जाए। साथ ही उन्होंने स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी और सभी एहतियाती कदम उठाने, सुरक्षित स्थानों में ठहराए गए लोगों एवं स्यानाचट्टी के निवासियों के लिए भोजन, रसोई गैस, दवाइयां, पेट्रोल-डीजल और अन्य आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा है।
सचिव आपदा प्रबंधन विनोद कुमार सुमन ने बताया कि वर्तमान में नदी के एक हिस्से से पानी की निकासी हो रही है, लेकिन दलदली स्थिति के कारण चैनलाइजेशन करना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। राहत एवं बचाव दल वैकल्पिक उपायों पर भी विचार कर रहे हैं। उन्होंने लोगों से धैर्य बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की।
ड्रोन से लगातार पूरे क्षेत्र की निगरानी की जा रही है। मौके पर यमुनोत्री विधायक संजय डोभाल और जिलाधिकारी प्रशांत आर्य मौजूद हैं। स्वास्थ्य, राजस्व और खाद्य आपूर्ति विभाग की टीमें भी ग्राउंड जीरो पर मुस्तैद हैं।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने कहा कि स्थानीय लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है, जल्द ही झील से पानी की निकासी कर दी जाएगी। प्रशासन ने हर संभव सुरक्षात्मक और राहत उपाय लागू किए हैं।

