इस बार मानसून में नहीं डूबेगा आईएसबीटी चौक: डीएम सविन बंसल ने ड्रेनेज कार्यों में लाई तेज़ी, मई से पहले पूर्ण करने के निर्देश
देहरादून।वर्षों से मानसून के दौरान जलभराव की समस्या से जूझ रहे देहरादून के आईएसबीटी चौक पर इस बार राहत की उम्मीद है। मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में जिलाधिकारी सविन बंसल के नेतृत्व में आईएसबीटी ड्रेनेज सिस्टम के नव-निर्माण का कार्य युद्धस्तर पर प्रगति कर रहा है।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने हाल ही में शिमला बाईपास और आईएसबीटी क्षेत्र में ड्रेनेज कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्यदायी संस्था और स्मार्ट सिटी परियोजना के अधिकारियों को निर्देश दिए कि मानवश्रम, मटेरियल और मशीनरी की संख्या को दोगुना करते हुए कार्य की रफ्तार तेज की जाए। डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि मई माह से पूर्व कार्य पूरी तरह मुकम्मल होना चाहिए ताकि वर्षा ऋतु में जलभराव की स्थिति से पूरी तरह बचा जा सके।
डीएम ने कहा कि इस वर्ष मुख्यमंत्री को आईएसबीटी क्षेत्र में “डिस्ट्रेस विजिट” न करनी पड़े, इसके लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने मौके पर मौजूद ठेकेदार और अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि कार्य की गति और गुणवत्ता में कोई समझौता नहीं होगा।
ड्रेनेज सुधार कार्यों में अपूर्व माप की खुदाई और ह्यूम पाइप्स का प्रवेशन तेज़ी से चल रहा है। डीएम व एसपी द्वारा किए गए बुलेट निरीक्षण के दौरान ड्रेनेज, ट्रैफिक कंट्रोल और फ्लाईओवर के सुधार कार्यों को भी समन्वित रूप से निर्देशित किया गया।
जिलाधिकारी ने स्मार्ट सिटी बजट में योजना के रखरखाव का भी विशेष प्रावधान किया है, ताकि लंबे समय तक स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके। जलभराव की समस्या के समाधान से यात्रियों और आम जनता को राहत मिलेगी और शहर की छवि भी सुधरेगी।
डीएम सविन बंसल ने कहा कि “जनमानस की समस्याओं का समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है। योजना, डिज़ाइन और डिस्कशन से पहले ही हम धरातल पर उतर जाते हैं। यही हमारी कार्यशैली है।”
स्मार्ट सिटी के तहत शहर के सौंदर्यीकरण और संरचनात्मक सुधार के लिए 10 करोड़ रुपये की विशेष धनराशि का भी प्रावधान किया गया है। डीएम के प्रयासों से राजधानी देहरादून की तस्वीर तेजी से बदल रही है और मुख्यमंत्री के संकल्प को जमीनी हकीकत में बदलने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।

