टीएमसी ने तोड़ी ईश्वरचंद्र विद्यासागर की मूर्ति:अमित शाह
नई दिल्ली।एजेंसी।लोकसभा चुनाव 2019 के सातवें और अंतिम चरण के लिए राजनीतिक पार्टियों में घमासान जारी है। पश्चिम बंगाल में चुनावी हिंसा को लेकर सियासत गरमा गई है। इसको लेकर जहां शाम को ममता बनर्जी मार्च निकालेंगी। वहीं दूसरी ओर इस मामले पर भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने रोड शो में पत्थरबाजी और झड़प के मामले में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। शाह ने टीएमसी पर खुद पर हमले और ईश्वर चंद्र विद्यासागर की मूर्ति तोड़ने का आरोप लगाया।
अमित शाह ने कहा कि छह चरण के चुनाव हो चुके हैं, बंगाल को छोड़कर कहीं हिंसा नहीं हुई। हिंसा का आरोप टीएमसी बीजेपी पर लगा रही है, लेकिन हिंसा सिर्फ बंगाल में हो रही है, बीजेपी पूरे देश में चुनाव लड़ रही है। कल रोड शो से तीन घंटे पहले हमारे बैनर पोस्टर हटा दिए गए, पीएम के पोस्टर फाड़े गए, पुलिस मूक दर्शक बनी रही। रोड शो में कम से दो-ढाई लोग आए थे, कहीं एक इंच जगह नहीं थी। रोड शो के दौरन तीन बार हमले किए गए, पत्थर, केरोसिन बम फेंके गए, आगजनी हुई।
अमित शाह ने सवाल किया कि परिसर का गेट टूटा नहीं, बीजेपी कार्यकर्ता बाहर थे, अंदर टीएमसी कार्यकर्ता थे तो मूर्ति किसने तोड़ी। यह मूर्ति कमरे के अंदर थी, कॉलेज बंद हो चुका था। यह कमरा किसने खोला, ताला किसने खोली? ताला टूटा नहीं है? मूर्ति किसने तोड़ी? उन्हाेंने कहा कि 6 चरण के चुनाव हो चुके हैं, टीएमसी हार रही है, पंचायत चुनाव में भी 7 राजनीतिक कार्यकर्ताओं की हत्या हुई। हार सामने दिख रही है, इसलिए टीएमसी ऐसा कर रही है। चुनाव आयोग मूक पर्यवेक्षक बना हुआ है। चुनाव आयोग तुरंत हस्तक्षेप करे, बंगाल में हिस्ट्री शीटरों की गिरफ्तारी क्यों नहीं हुई?
उन्हाेंने कहा कि ममता बनर्जी ने दो दिन पहले ही बदला लेने की धमकी दी थी, ममता यदि सोचती हैं कि हिंसा का कीचड़ फैलाकर जीत जाएंगी, आप मुझसे उम्र में बड़ी ज्यादा हो लेकिन अनुभव मुझे ज्यादा है हिंसा का कीचड़ जितना फैलाओगी, कमल खिलेगा। अभी मुझे जानकारी मिली है कि मुझ पर एफआईआर हुई है, दीदी मैं आपके एफआईआर से डरता नहीं हूं, मुझ पर तो एफआईआर हुई है, कई कार्यकर्ताओं की तो हत्या कर दी गई है।
