मुकदमा दर्ज करने में लापरवाही पर पूर्व थानाध्यक्ष निलंबित, लंबित विवेचनाओं और अवैध खनन पर एसएसपी का सख्त रुख
देहरादून। जनपद में अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था और पुलिस कार्यप्रणाली की समीक्षा के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक Ajay Singh ने लापरवाही बरतने वाले पुलिस अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुकदमा दर्ज करने में लापरवाही पाए जाने पर एक पूर्व थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया है, जबकि एक वर्ष से अधिक समय से अनावश्यक रूप से लंबित विवेचनाओं के मामलों में संबंधित विवेचकों के खिलाफ जांच के आदेश जारी किए गए हैं।
सोमवार को पुलिस लाइन देहरादून में आयोजित मासिक अपराध गोष्ठी में एसएसपी ने जनपद के सभी राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों के साथ अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था, यातायात व्यवस्था तथा आगामी पर्यटक सीजन की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कर्तव्यों के प्रति उदासीनता और लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा दोषी पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई के साथ संबंधित थाना प्रभारी और पर्यवेक्षण अधिकारी की जवाबदेही भी तय की जाएगी।
गोष्ठी में थानावार लंबित विवेचनाओं की समीक्षा करते हुए एसएसपी ने अनावश्यक रूप से मामलों को लंबित रखने वाले विवेचकों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही ओवरलोडिंग और अवैध खनन की शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में इस पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसी शिकायतें मिलने पर संबंधित थाना प्रभारी के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
भूमि धोखाधड़ी और अवैध कब्जे के मामलों की समीक्षा करते हुए एसएसपी ने निर्देश दिए कि किसी भी व्यक्ति या गिरोह द्वारा अवैध तरीके से संपत्ति कब्जाने के प्रयास पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही ऐसे मामलों में पुलिस की मिलीभगत पाए जाने पर संबंधित थाना या चौकी प्रभारी के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
थाना क्षेत्रों में नशे की खरीद-फरोख्त पर भी एसएसपी ने कड़ा रुख अपनाते हुए सभी थाना प्रभारियों को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशे से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
इसके अलावा रमजान माह और आगामी ईद को देखते हुए सभी थाना प्रभारियों को अपने क्षेत्रों में पीस कमेटी की बैठक आयोजित करने, संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और अराजक तत्वों पर सतर्क निगरानी रखने के निर्देश दिए गए।
एसएसपी ने ऑपरेशन क्रैकडाउन और ऑपरेशन स्माइल के तहत बड़े स्तर पर सत्यापन अभियान चलाने, हाईराइज इमारतों, सोसाइटियों और औद्योगिक संस्थानों में रहने वाले बाहरी व्यक्तियों का सत्यापन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
महिला और बाल सुरक्षा के मामलों में त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश देते हुए उन्होंने सभी अधिकारियों को व्यापक स्तर पर जागरूकता अभियान चलाने को कहा। साथ ही आगामी फायर सीजन को देखते हुए अग्निशमन इकाइयों को अलर्ट मोड में रहने और आगजनी की घटनाओं पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए पीक आवर्स और स्कूलों की समयावधि में मुख्य मार्गों, चौराहों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पुलिस की दृश्यता बढ़ाने तथा संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की नियमित चेकिंग करने के भी निर्देश दिए गए।
निरोधात्मक कार्रवाई की समीक्षा के दौरान यह पाया गया कि शस्त्र अधिनियम और जुआ अधिनियम के तहत प्रभावी कार्रवाई केवल डोईवाला थाने द्वारा की गई है। इस पर एसएसपी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए अन्य सभी थाना प्रभारियों को कड़ी चेतावनी जारी की और अवैध शस्त्र तथा जुआ-सट्टे से जुड़े मामलों में सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।

