टिहरी पुलिस की बड़ी सफलता, 21 साइबर ठगी मामलों में 6 लाख रुपये से अधिक की रकम पीड़ितों को कराई वापस

टिहरी गढ़वाल। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे के नेतृत्व में टिहरी पुलिस साइबर अपराधों के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में साइबर ठगी के शिकार लोगों को राहत दिलाते हुए टिहरी पुलिस ने 21 मामलों में ₹6,00,150 की धनराशि पीड़ितों के खातों में वापस कराने में सफलता हासिल की है।
एसएसपी श्वेता चौबे के निर्देश पर साइबर शाखा द्वारा साइबर धोखाधड़ी के मामलों में त्वरित कार्रवाई करते हुए भारत सरकार के भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) के अंतर्गत संचालित एमआरएम (Money Restoration Module) पोर्टल के माध्यम से संबंधित बैंकों और वित्तीय संस्थानों के साथ समन्वय स्थापित किया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह सफलता शिकायत प्राप्त होते ही त्वरित कार्रवाई, बैंकों के साथ बेहतर समन्वय और पीड़ितों द्वारा समय पर शिकायत दर्ज कराने के कारण संभव हो सकी। धनराशि वापस मिलने पर पीड़ितों ने एसएसपी श्वेता चौबे और टिहरी पुलिस का आभार व्यक्त किया है।
पुलिस ने नागरिकों से साइबर धोखाधड़ी होने पर तत्काल 1930 साइबर हेल्पलाइन पर कॉल करने और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने की अपील की है। साथ ही लोगों को ओटीपी, यूपीआई पिन, सीवीवी तथा बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करने, संदिग्ध लिंक, क्यूआर कोड अथवा एपीके फाइल डाउनलोड न करने की सलाह दी गई है।
टिहरी पुलिस ने कहा कि साइबर धोखाधड़ी के मामलों में “गोल्डन ऑवर” के भीतर दर्ज की गई शिकायत धनराशि वापस मिलने की संभावना को काफी बढ़ा देती है। पुलिस ने नागरिकों से सतर्क रहने और किसी भी साइबर अपराध की सूचना तत्काल पुलिस को देने का आग्रह किया है।

