
अल्मोड़ा ।देशभर में पुरुष आयोग के गठन की मांग को लेकर आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। अश्लीलता मुक्त भारत के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंकज पंथ के नेतृत्व में विभिन्न शहरों एवं संगठनों द्वारा इस मांग को लेकर आंदोलन चलाए जा रहे हैं।
पंकज पंथ का कहना है कि संगठन निर्दोष पुरुषों, बेटों और भाइयों के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ मामलों में झूठे दहेज और तलाक के मुकदमों के कारण अनेक निर्दोष पुरुषों को मानसिक, सामाजिक और आर्थिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी है। ऐसे मामलों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है, जिससे कई परिवार प्रभावित हो रहे हैं।
उन्होंने कहा कि देश के लगभग हर राज्य में कोई न कोई व्यक्ति इन कथित झूठे मामलों का शिकार बन रहा है। इसी को देखते हुए अश्लीलता मुक्त भारत राष्ट्रीय संगठन ने पुरुष आयोग की मांग को लेकर हुंकार भरी है।
इस आंदोलन को अन्य सामाजिक संगठनों के साथ-साथ कुछ महिला संगठनों का भी समर्थन मिल रहा है। देहरादून से सुशीला खत्री, राष्ट्रीय अध्यक्ष ऑल इंडिया आंगनबाड़ी एम्प्लाइज फेडरेशन, ने भी पुरुष आयोग की मांग का समर्थन किया है।
अल्मोड़ा से प्रताप सिंह नेगी ने समर्थन व्यक्त करते हुए कहा कि भारत सरकार को पुरुष आयोग से संबंधित विधेयक संसद में पेश करना चाहिए, ताकि पुरुष भी अपनी बात कानूनी मंच पर रख सकें और निर्दोष होने पर न्याय प्राप्त कर सकें।

