जूलोजी विभाग द्वारा संस्कृति को बचाने के उद्देश्य से कार्यक्रम का आयोजन किया जाना एक सराहनीय प्रयास है:आशीष चौहान
पिथौरागढ़।जिलाधिकारी डा0 आशीष चौहान ने राजकीय स्नात्कोत्तर महाविद्यालय पिथौरागढ़ के जूलोजी विभाग द्वारा कुमाऊं संस्कृति को बचाने के उद्देश्य से आयोजित स्पंदन-2022 कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि जिलाधिकारी श्री चौहान द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।
इस अवसर पर अपने संबोधन में जिलाधिकारी ने कुमांऊ संस्कृति को जीवित रखने हेतु अपने विचार व सुझाव विद्यार्थियों के समक्ष रखे। जिलाधिकारी ने कहा कि हमें कुमाऊं संस्कृति को समझने, सुरक्षित रखने व आगे बढ़ाने के लिए सांस्कृतिक आयोजनों के अलावा कुमाऊं संस्कृति के विभिन्न पक्षों के आबर्जवेशन एवं डॉक्यूमेंटेशन पर ध्यान देना होगा। उन्होंने कहा कि हमें इस बात को आब्जर्व करने की आवश्यकता है कि हमारे गहने, पहनावे, भाषा, नृत्य,स्थाप्य कला आदि पहले किस रूप में थे और उनमें अब क्या परिवर्तन हुआ है। हमें इन चीजों का डॉक्यूमेंटेशन भी करना होगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि हालांकि संस्कृति को बढ़ावा देने वाले कार्यक्रमों का आयोजन हिन्दी अथवा संस्कृत विभाग द्वारा ही आयोजित कराये जाते हैैं। जूलोजी विभाग द्वारा संस्कृति को बचाने के उद्देश्य से कार्यक्रम का आयोजन किया जाना एक सराहनीय प्रयास है।
इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य पुष्कर सिंह बिष्ट व अन्य शिक्षकगण एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।

