थराली में नाबालिग से छेड़छाड़: सेना कैंटीन हवलदार पर POCSO व BNS में मुकदमा दर्ज
थराली। जनपद पुलिस की बाल यौन अपराधों के प्रति ज़ीरो टॉलरेंस की नीति के तहत थराली पुलिस ने एक गंभीर मामले में त्वरित संज्ञान लेते हुए आरोपी के विरुद्ध कठोर विधिक कार्रवाई की है।
आज दिनांक 05 अक्टूबर 2025 को थाना थराली में बाल यौन अपराध से संबंधित एक अत्यंत संवेदनशील मामला प्रकाश में आया। पुलिस को वादिनी द्वारा एक लिखित तहरीर प्रस्तुत की गई, जिसमें आरोप लगाया गया कि उनकी नाबालिग पुत्री के साथ आर्मी कैंटीन थराली में कार्यरत एक हवलदार ने गलत नियत से अनुचित आचरण और छेड़छाड़ की है।
घटना की गंभीरता और नाबालिग की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए थाना थराली पुलिस ने तहरीर प्राप्त होते ही बिना किसी विलंब के विधिक कार्रवाई शुरू की। आरोपी के विरुद्ध अपराध संख्या 26/2025 के तहत कठोर धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया है।
दर्ज की गई धाराएं: धारा 74, भारतीय न्याय संहिता (BNS) — यौन अपराधों से संबंधित गंभीर अपराध। धारा 7/8, लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (POCSO Act) — नाबालिग के साथ यौन उत्पीड़न और छेड़छाड़ के गंभीर अपराधों से संबंधित।
मामले की संवेदनशीलता और पीड़िता की गरिमा को ध्यान में रखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार विवेचना की जिम्मेदारी तत्काल उपनिरीक्षक श्रीमती सुधा बिष्ट को सुपुर्द की गई है। विवेचक द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि पीड़िता और उसके परिवार को किसी भी प्रकार के दबाव का सामना न करना पड़े तथा संपूर्ण कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए निष्पक्ष और त्वरित न्याय सुनिश्चित किया जा सके।
विवेचना अधिकारी द्वारा आवश्यक साक्ष्य संकलन, गवाहों के बयान और पीड़िता के चिकित्सकीय परीक्षण की प्रक्रिया की जा रही है।
जनपद पुलिस बाल अपराधों के मामलों में अत्यंत संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाती है। पीड़ित पक्ष को आश्वस्त किया गया है कि आरोपी चाहे किसी भी संस्था से जुड़ा हो, कानून के अनुसार उसके विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। प्राथमिकता पीड़िता की सुरक्षा, उसकी निजता का संरक्षण और त्वरित न्याय सुनिश्चित करना है।
पीड़ित परिवार को आवश्यक कानूनी सहायता और परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है। जनपद पुलिस समाज में शांति, सुरक्षा और विशेषकर बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
