दून विश्वविद्यालय में एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) की एडमिशन की प्रक्रिया शुरू
देहरादून।दून विश्वविद्यालय ने इस सत्र से एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) के लिए प्रवेश प्रारंभ कर दिया गया है. एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) में प्रवेश लेने के लिए अभ्यर्थी की योग्यता मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/ संस्थान से कम से कम 60 % अंकों के साथ बीटेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग/ आईटी/ इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग/ मैकेनिकल इंजीनियरिंग/ईई/आई एन)/ एमसीए/ एमएससी (कंप्यूटर साइंस/ इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी/स्टैटिसटिक्स/ ऑपरेशनल रिसर्च/ इलेक्ट्रॉनिक्स) होनी चाहिए. एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) की एडमिशन की प्रक्रिया के बारे में विस्तार में https://doonuniversity.ac.in वेबसाइट पर उपलब्ध कराई गई है. एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) में मुख्य रूप से क्लाउड कंप्यूटिंग और डाटा साइंस में स्पेशलाइजेशन दिया जाएगा. कंप्यूटर साइंस विभाग में नई शिक्षा नीति 2020 के अनुसार कंप्यूटर साइंस रिसर्च के साथ 4 साल का स्नातक डिग्री प्रोग्राम पहले से ही चल रहा है. इसके साथ ही कंप्यूटर साइंस में पीएचडी प्रोग्राम भी विभाग में चल रहा है। वर्तमान सेमेस्टर में पीएचडी (कंप्यूटर साइंस) में प्रवेश खुले हैं। आवेदन करने की प्रक्रिया वेबसाइट पर उपलब्ध है।
दून विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर सुरेखा डंगवाल ने बताया कि बहुत से छात्रों एवं अभिभावकों की मांग थी की दून विश्वविद्यालय में एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) जैसे रोजगार परक कोर्स खोले जाए ताकि सरकारी विश्वविद्यालयों से विद्यार्थी कम फीस में उन्नत और रोजगार परक शिक्षा हासिल कर सके. कुलपति ने बताया कि हमारे दून विश्वविद्यालय के कंप्यूटर साइंस विभाग में कार्यरत फैकल्टी अत्यधिक योग्यतावान है जोकि आईआईटी और एनआईटी जैसे संस्थानों से पीएचडी एवं टेक्निकल डिग्री लेकर आए हैं और जिनका स्पेशलाइजेशन क्लाउड कंप्यूटिंग, क्लाउड सिक्योरिटी, डाटा साइंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डाटा माइनिंग, कंप्यूटर विजन, साइबर सिक्योरिटी एवं इंटरनेट ऑफ थिंग्स है. कंप्यूटर साइंस विभाग में डिपार्टमेंट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी/ साइंस और इंजीनियरिंग रिसर्च बोर्ड द्वारा फंडेड वर्चुलाइजेशन सिक्योरिटी के ऊपर एक प्रोजेक्ट भी चलाया जा रहा है जिसके लिए एक एडवांस साइबर सिक्योरिटी रिसर्च लैब की भी स्थापना कंप्यूटर साइंस विभाग में की गई है. डिपार्टमेंट की फैकल्टी के द्वारा क्लाउड सिक्योरिटी के ऊपर टेलर एंड फ्रांसिस जैसे प्रतिष्ठित पब्लिकेशन के द्वारा किताब भी छापी गई है. कंप्यूटर साइंस विभाग के द्वारा दून विश्वविद्यालय में डिजिटलीकरण का कार्य भी संपन्न कराया जा रहा है. एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट, डिजिलॉकर और दून विश्वविद्यालय में लागू होने वाली राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 से संबंधित सॉफ्टवेयर पर भी कंप्यूटर साइंस विभाग तेजी से काम कर रहा है ताकि विश्वविद्यालय का एडमिशन, परीक्षा एवं उपस्थिति इत्यादि कार्य चाक-चौबंद तरीके से किया जा सके.
दून विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ एमएस मंदरवाल ने कहा कि गुणवत्ता एवं रोजगार परक शिक्षा दून विश्वविद्यालय का मूल उद्देश्य है और इस क्रम में,दून विश्वविद्यालय में एम टेक (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग) खुलना दून विश्वविद्यालय का शिक्षा के प्रति समर्पण को दर्शाता है.

