चारधाम यात्रा के दौरान हेलीसेव पर अनिश्चिता सरकार की नाकामीःप्रीतम सिंह


देहरादून।देवभूमि खबर। प्रदेश कांगे्रस कमेटी के अध्यक्ष श्री प्रीतम सिंह ने चारधाम यात्रा में हैली सेवाओं में भारी बर्फबारी के कारण हुई अनिश्चितता को सरकार की बड़ी नाकामी बताया। उन्होेंने सरकार की कार्य प्रणाली पर बड़ा सवाल खड़ा करते हुए कहा कि ’’चारधाम यात्रा के लिए हवाई सेवाओं के प्रति सरकार के उदासीन रवैया रहा है। जिसके चलते कई लोग अपने इस्ट देवताओं के दर्शन को वंचित हो जाएगे। साथ ही आपदा जैसे मामलों में भी हेली सेवाएं संजीवनी का काम करती है। इस मामले में प्रीतम सिंह ने प्रदेश सरकार की निन्दा की। उन्होंने कहा कि जिस तरह से हैली सेवाओं के प्रति सरकार ने पहलेे दिन से ही ढीला-ढाला रूख अख्तियार किया है यह उत्तराखण्ड के धार्मिक पर्यटक के लिए गहरा आघात है।
उन्होेंने कहा कि 9 जून 2016 को तत्कालीन सरकार ने भविष्य में केदारनाथ में नये हैलीपैड़ बनाने पर पूरी तरह वैन लगाने के शासनादेश जारी किये थे परन्तु वर्तमान सरकार द्वारा पूर्व सरकार के शासनादेश को उलट कर 15 हैलीपैड़ बनाये जाने का शासनादेश जारी कर दिया। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार द्वारा केदारनाथ की संवेदनशीलता और जैव विविधता को ध्यान में रखकर शासनादेश जारी किया गया था। उन्होंने कहा कि अब उच्च न्यायालय द्वारा 7 मई तक सुनवाई टाले जाने का साफ मतलब है कि मामला अत्यन्त गंभीर है। उन्होंने कहा कि सरकार ने सिर्फ अपने ही शासनदेश के विरूद्व बल्कि एनजीटी के मानकों की अनदेखी की ह,ै जिससे चारधाम यात्रा पर जाने वाले बुजुर्ग, दिव्यांग, पैदल चलने में असमर्थ लोग उच्च न्यायालय के निर्णय का टकटकी बाॅधे इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को न तो युवाओं के रोजगार की, ना धार्मिक पर्यटन की और ना चारधाम यात्रा के संचालन की फिकर है।

