निर्वाचन आयोग ने मतदाता विवरणों को सत्यापित और प्रमाणित करने के लिए वन स्टॉप सॉल्यूशन का शुभारंभ किया
नई दिल्ली।पीआईबी।पूरे देश में ‘इलेक्टर वेरिफिकेशन प्रोग्राम’ के मेगा मिलियन लॉन्च के अवसर पर भारतीय निर्वाचन आयोग के नई दिल्ली स्थित मुख्यालय में 1 सितम्बर, 2019 को एक विशेष कैम्प का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय मतदाता सेवा पोर्टल (https://www.nvsp.in/) और मतदाता हेल्पलाईन एप का अनावरण करने के बाद मुख्य निर्वाचन आयुक्त श्री सुनील अरोड़ा ने कहा कि भारतीय निर्वाचन आयोग की आधारशिला मतदाता सूची है। मैं देश के सभी नगरिकों से आग्रह करता हूं कि वे सत्यापन कार्यक्रम में भाग लें, ताकि आयोग आने वाले सभी चुनावों के दौरान बेहतर मतदात सेवाएं प्रदान कर सके।
मतदाता सूची के बारे में चुनाव आयुक्त श्री अशोक लवासा ने कहा कि यह एक महत्वपूर्ण अवसर है जब सभी मतदाता अपने ब्यौरों को सत्यापित और प्रमाणित कर सकते हैं। इस कार्यक्रम की सफलता लोगों की भागीदारी पर निर्भर है। मैं सभी लोगों से आग्रह करता हूं कि वे आगे आएं और त्रुटिहीन मतदाता सूची सुनिश्चित करें, क्योंकि यह मतदान प्रक्रिया का हृदय है।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची को बेहतर बनाना है, नागरिकों को बेहतर मतदात सेवाएं प्रदान करना है और आयोग तथा मतदाताओं के बीच संवाद को बेहतर बनाना है। 32 सीईओ ने राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में, 700 डीईओ ने जिलों में और लगभग 10 लाख मतदान केंद्रों में बीएलओ/ईआरओ ने देश में सभी स्तरों पर इस कार्यक्रम की शुरुआत की है। यह कार्यक्रम 1 सितंबर, 2019 से 15 अक्टूबर, 2019 तक चलेगा।
ब्यौरे के प्रमाणन से तथा मोबइल नंबर को साझा करने से मतदाताओं को ऑनलाइन आवेदन की स्थिति, ईपीआईसी की स्थिति, मतदान दिवस की घोषणाएं, मतदाता स्लिप आदि से संबंधित जानकारी उनके पंजीकृत ईमेल और मोबाइल नंबर पर दी जाएगी। मतदाता सूची की क्रमसंख्या में बदलाव, मतदान केंद्र का ब्यौरा बीएलओ/ईआरओ में बदलाव से संबंधित मतदान केंद्र की सभी जानकारी मतदाताओं के साथ साझा की जाएगी।
इस अवसर पर निर्वाचन आयोग के कर्मियों ने अपने तथा अपने परिजनों के विवरणों का सत्यापन व प्रमाणन किया।

