जमीनी विवाद में खुद रची अपनी ही हत्या की साजिश ,हरिद्वार पुलिस ने किया सनसनीखेज खुलासा, पूर्व जिला पंचायत सदस्य सहित 6 हिरासत में
हरिद्वार। थाना बहादराबाद पुलिस ने एक हैरान करने वाले मामले का खुलासा किया है, जिसमें एक व्यक्ति ने अपने विपक्षी को फंसाने के लिए अपनी ही हत्या की फर्जी साजिश रच डाली। यह सनसनीखेज षड्यंत्र पूर्व जिला पंचायत सदस्य जाकिर पुत्र ताहिर निवासी ग्राम घोड़ेवाला, थाना बहादराबाद द्वारा रचा गया था।
दिनांक 12 अक्तूबर 2025 को जाकिर ने थाना बहादराबाद में तहरीर दी थी कि विपक्षी जावेद पुत्र याकूब, याकूब, मुनफेत और जुनेद निवासी ग्राम घोड़ेवाला, जिनसे उसका जमीनी विवाद न्यायालय में विचाराधीन है, ने उसकी हत्या करवाने के लिए 30 लाख रुपये की सुपारी दी है, जिसमें जलालपुर और रुड़की के कुछ युवक शामिल हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार द्वारा थानाध्यक्ष बहादराबाद को तत्काल गहन जांच एवं कठोर वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। थानाध्यक्ष बहादराबाद के निर्देशन में पुलिस टीम ने आजम निवासी कान्हापुर, उस्मान निवासी जलालपुर, सोहेल निवासी सोत मोहल्ला रुड़की, खालिक पुत्र सुलेमान तथा शाजिद पुत्र सुलेमान निवासी घोड़ेवाला से गहन पूछताछ की, जिसमें सामने आया कि जाकिर ने विपक्षी पक्ष पर दबाव बनाने और झूठा मुकदमा दर्ज करवाने के उद्देश्य से अपनी ही हत्या की फर्जी कहानी रच डाली थी।
जाकिर ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल से अपनी ही कार पर फायरिंग करवाने की योजना बनाई थी, जिसके लिए उसने आजम, उस्मान और सोहेल को 50,000 रुपये का लालच दिया था ताकि बाद में विपक्षी पक्ष पर झूठा हत्या की सुपारी देने का आरोप लगाया जा सके।
पुलिस टीम द्वारा सख्त पूछताछ करने पर पूरा षड्यंत्र उजागर हो गया और सभी आरोपी आपस में आरोप-प्रत्यारोप करने लगे। पुलिस ने तत्काल सभी को हिरासत में लेकर “दूध का दूध, पानी का पानी” कर दिया। जांच के दौरान जाकिर की लाइसेंसी पिस्टल, जिसका नवीनीकरण समाप्त हो चुका था, उसके भतीजे खालिक से बरामद की गई। लाइसेंस की शर्तों का उल्लंघन करने पर जाकिर व खालिक के विरुद्ध मु.अ.सं. 400/2025 धारा 21/30 आर्म्स एक्ट के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। हरिद्वार पुलिस ने साजिश का सफल अनावरण करते हुए पूर्व जिला पंचायत सदस्य जाकिर सहित कुल छह लोगों को हिरासत में लिया है। पुलिस ने कहा कि किसी विवाद का समाधान कानूनन तरीके से किया जाना चाहिए, झूठा मुकदमा दर्ज कर किसी निर्दोष को फंसाने का प्रयास अनुचित है और ऐसे मामलों में पुलिस जांच में सच्चाई सामने आ ही जाती है। पिस्टल के लाइसेंस निरस्तीकरण की रिपोर्ट संबंधित प्राधिकारी को भेजी जा रही है।
हिरासत में लिए गए आरोपी हैं—जाकिर पुत्र ताहिर निवासी घोड़ेवाला, खालिक पुत्र सुलेमान निवासी घोड़ेवाला, उस्मान पुत्र लियाकत निवासी जलालपुर, सोहेल पुत्र हसरत निवासी सोत मोहल्ला रुड़की, आजम पुत्र इलियास निवासी कान्हापुर और शाजिद पुत्र सुलेमान निवासी घोड़ेवाला। आरोपी जाकिर पुत्र ताहिर हसन का आपराधिक इतिहास भी रहा है, जिसके विरुद्ध पूर्व में मु.अ.सं. 94/2013 धारा 147,148,149,323,326,504,506 भादवि, मु.अ.सं. 485/2016 धारा 147,170,332,353,427,504 भादवि तथा मु.अ.सं. 215/2022 धारा 323,324,452,504,506 भादवि के मुकदमे दर्ज हैं।
हरिद्वार पुलिस ने चेतावनी दी है कि किसी भी व्यक्ति द्वारा इस प्रकार की झूठी शिकायत या साजिश रचने की कोशिश की जाएगी तो उसके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
