मानसून तैयारियों की समीक्षा में अजय टम्टा के निर्देश, पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज में इसी सत्र से कक्षाएं शुरू कराने का प्रयास

मानसून तैयारियों की समीक्षा में अजय टम्टा के निर्देश, पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज में इसी सत्र से कक्षाएं शुरू कराने का प्रयास
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पिथौरागढ़। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मानसून काल के दौरान जिले में संचालित राहत, बचाव और आपदा प्रबंधन कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मानसून की शेष अवधि में पूरी सतर्कता के साथ काम करते हुए आपदा की स्थिति में जनजीवन की सुरक्षा, त्वरित राहत और आवश्यक सेवाओं की निरंतरता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।

बैठक में सड़क, पेयजल, विद्युत, स्वास्थ्य, खाद्य आपूर्ति, संचार और आपदा प्रबंधन से जुड़ी व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने बताया कि जिले की सभी तहसीलों में 24 घंटे आपदा नियंत्रण कक्ष संचालित किए जा रहे हैं। आपदा प्रबंधन के लिए अतिरिक्त मानव संसाधन तैनात किए गए हैं तथा संचार व्यवस्था मजबूत रखने के लिए विभिन्न स्थानों पर सैटेलाइट फोन और वायरलेस सेट उपलब्ध कराए गए हैं।

मानसून के दौरान सड़क व्यवस्था की समीक्षा में बताया गया कि जिले में 298 संवेदनशील सड़क स्थलों को चिन्हित किया गया है। इन स्थानों पर सड़क मार्गों को सुचारू रखने के लिए 145 जेसीबी और पोकलैंड मशीनें तैनात की गई हैं। आपातकालीन परिस्थितियों के लिए चार बैली ब्रिज भी तैयार रखे गए हैं।

अजय टम्टा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि संवेदनशील मार्गों पर लगातार निगरानी रखी जाए और सड़क बंद होने की स्थिति में तत्काल मशीनरी व कार्मिकों को मौके पर भेजकर यातायात बहाल किया जाए। भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में चेतावनी बोर्ड लगाने और स्थानीय लोगों को जागरूक करने पर भी जोर दिया गया।

बैठक में बताया गया कि दूरस्थ क्षेत्रों में तीन माह की अग्रिम खाद्यान्न आपूर्ति की जा चुकी है। सभी पेट्रोल पंपों पर 4,000 लीटर डीजल और 3,000 लीटर पेट्रोल का रिजर्व रखा गया है। रसोई गैस भंडारों में 250-250 सिलेंडर रिजर्व रखे गए हैं, जबकि सभी तहसीलों में 50-50 खाद्यान्न राहत किट तैयार रखी गई हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि जिले में विभागीय और 108 सेवा समेत कुल 41 एंबुलेंस उपलब्ध हैं। विभिन्न विकासखंडों में चिकित्सा टीमें तैनात की गई हैं और मानसून से होने वाले जलजनित संक्रमणों से बचाव के लिए आवश्यक दवाओं की व्यवस्था की गई है।

आपदा की स्थिति में त्वरित रिस्पांस के लिए NDRF, SDRF, फायर सर्विस और अन्य बचाव दलों की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। जिला आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा अब तक 46 खोज एवं बचाव प्रशिक्षण कार्यक्रमों में 4,710 लोगों को प्रशिक्षित किया जा चुका है।

बैठक में 19 अगस्त को पहाड़ी से गिरे बोल्डर के कारण धारचूला-गुंजी मोटर मार्ग पर कुलागाड़ के पास करीब 180 फीट लंबा बैली ब्रिज क्षतिग्रस्त होने की जानकारी भी दी गई। मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को ऐसे संवेदनशील क्षेत्रों में तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

अजय टम्टा ने बताया कि पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण किया गया है और राज्य सरकार, मुख्यमंत्री तथा केंद्र सरकार का प्रयास है कि इसी शैक्षणिक सत्र से मेडिकल कॉलेज का पहला शैक्षणिक सत्र शुरू हो। इसके लिए प्रयोगशाला, प्रशासनिक भवन, छात्रावास, फैकल्टी और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है।

उन्होंने कहा कि प्रथम से चतुर्थ वर्ष तक के विद्यार्थियों के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं और NMC के मानकों को पूरा करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। कुछ फैकल्टी उपलब्ध हो चुकी हैं और शेष की व्यवस्था की जा रही है।

केंद्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि पिथौरागढ़ में पासपोर्ट कार्यालय अगले माह तक शुरू कराने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही ऑटोमेटिक ड्राइविंग टेस्टिंग स्टेशन (ATMS) को भी जल्द संचालित करने की तैयारी है। उन्होंने बताया कि ATMS की आवश्यक ऑटोमेटिक मशीन बाहर से आनी थी, जिसे वाहन पोर्टल से जोड़कर शीघ्र संचालन में लाया जाएगा। इससे लोगों को ड्राइविंग टेस्ट और लाइसेंस संबंधी कार्यों में राहत मिलेगी।

भारत-चीन सीमा व्यापार को लेकर अजय टम्टा ने कहा कि कोविड महामारी के कारण लंबे समय से व्यापार प्रभावित रहा है। केंद्र सरकार के सहयोग से इस बार व्यापारियों को चीन जाने की अनुमति मिली है। उन्होंने कहा कि सीमा व्यापार से जुड़े कारोबारियों की समस्याओं का संज्ञान लिया गया है और उनके समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

उन्होंने कहा कि पिथौरागढ़ आपदा की दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील जिला है। इसलिए मानसून की समाप्ति तक सभी विभागों को पूरी तरह सक्रिय और सतर्क रहना होगा। उन्होंने जिला प्रशासन, पुलिस, आपदा प्रबंधन सहित सभी संबंधित विभागों के समन्वय से किए जा रहे कार्यों की सराहना की।

बैठक में दर्जा राज्यमंत्री गणेश भंडारी, जिला पंचायत अध्यक्ष जितेंद्र प्रसाद, नगर निगम मेयर कल्पना देवलाल, जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगांई, पुलिस अधीक्षक अक्षय प्रहलाद कोंडे, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. दीपक सैनी, अपर जिलाधिकारी योगेंद्र सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. जेएस चुफाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

देवभूमि खबर

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