वित्तविहीन विद्यालयों के अनुदान पर चर्चा — 26 अक्टूबर को हरिद्वार में निर्णायक बैठक करेगा संघ
देहरादून।अशासकीय वित्तविहीन मान्यता प्राप्त विद्यालय प्रबन्धन-शिक्षक संघ उत्तराखण्ड की पूर्व निर्धारित बैठक का आयोजन दून मॉडर्न हाई स्कूल, तंतोवाला, देहरादून में किया गया। बैठक में प्रदेश के सभी जिलों से विद्यालय प्रबन्धन समिति के सदस्य व कर्मचारीगण शामिल हुए।
बैठक की अध्यक्षता संघ के अध्यक्ष श्री बिजेन्द्र सिद्ध गुसाईं ने की, जबकि संचालन श्री सुखपाल सिंह कोली, प्रधानाचार्य दून मॉडर्न स्कूल द्वारा किया गया।
बैठक में मुख्य रूप से अनुदान (Grant) से सम्बन्धित मुद्दों पर चर्चा की गई। संघ ने बताया कि मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड को इस विषय में पूर्व में ज्ञापन दिया जा चुका है, किन्तु अब तक इस पर कोई ठोस कार्यवाही नहीं हुई है। प्रदेश में वित्तविहीन जूनियर हाई स्कूलों व इंटर कॉलेजों में लगभग 15,000 छात्र-छात्राएँ अध्ययनरत हैं, तथा 1,000 से अधिक शिक्षक व कर्मचारी कार्यरत हैं। ये विद्यालय पर्वतीय क्षेत्रों में शिक्षा के प्रसार और पलायन रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
संघ ने कहा कि सरकार यदि इन विद्यालयों के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाए तो यह शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बना सकता है। वर्तमान में शासन द्वारा जारी शासनादेश संख्या 52/एमईएल-2/2017-10(66)/2015 दिनांक 04 जनवरी 2017 विद्यालयों, विद्यार्थियों एवं कर्मचारियों के हितों के प्रतिकूल है।
इस विषय पर आगामी अन्तिम निर्णय एवं भविष्य की रणनीति तय करने हेतु संघ की अगली बैठक दिनांक 26 अक्टूबर 2025, रविवार को हरिद्वार में आयोजित की जाएगी। इस बैठक में शासनादेश के विरोध और अनुदान प्राप्ति के लिए आगे की कार्ययोजना पर निर्णय लिया जाएगा।
बैठक में प्रदीप कुमार , यशवीर सिंह, आशीष कुमार, महादेव मैठाणी (प्रांतीय महामंत्री), श्री अरविंद सिंह रौथान, प्रांतीय महामंत्री (वित्त विहीन) , संदीप कुमार अरविन्द सकलानी, सोमदत्त दुआ,विनोद कुमार , संदीप कुमार एवं रजनीश कुमार सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
