शिक्षा माफियाओं पर जिला प्रशासन का बड़ा प्रहार – बिना मान्यता संचालित स्कूल पर 5.20 लाख की शास्ति, फीस बढ़ोतरी पर कार्रवाई

शिक्षा माफियाओं पर जिला प्रशासन का बड़ा प्रहार – बिना मान्यता संचालित स्कूल पर 5.20 लाख की शास्ति, फीस बढ़ोतरी पर कार्रवाई
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देहरादून। देहरादून के जिला प्रशासन ने शिक्षा माफियाओं के खिलाफ सख्त अभियान छेड़ दिया है। जिलाधिकारी सविन बंसल के नेतृत्व में लगातार हो रही कार्रवाइयों के चलते पहली बार जिले में शिक्षा माफियाओं के हौसले मटियामेट होते नजर आ रहे हैं। बड़े-बड़े नामी स्कूलों का मनमर्जी से फीस बढ़ाने का खेल उजागर हो रहा है।

भानियावाला स्थित द प्रेसिडेंसी इंटरनेशनल स्कूल के खिलाफ 100 से अधिक अभिभावकों ने फीस बढ़ोतरी की शिकायत दर्ज कराई थी। डीएम के आदेश पर स्कूल प्रबंधन को बुलाया गया, लेकिन प्रबंधन प्रशासन के सामने उपस्थित नहीं हुआ। इसके बाद जब प्रशासन ने अभिलेखों की जांच की तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। पता चला कि स्कूल को प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक मार्च 2020 से मार्च 2025 तक की मान्यता थी, लेकिन नवीनीकरण के लिए आवेदन तक नहीं किया गया। बिना मान्यता के स्कूल का संचालन करने पर शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2009 की धारा-18(5) के तहत स्कूल पर 5,20,000 रुपये की शास्ति लगाई गई है।

जिला प्रशासन ने आदेश जारी करते हुए स्कूल प्रबंधन को तीन दिन के भीतर शास्ति की राशि जमा करने के निर्देश दिए हैं। निर्धारित अवधि में धनराशि जमा न करने की स्थिति में वसूली भू-राजस्व की भांति की जाएगी।

प्रशासन की सख्ती के बाद जिले के कई अन्य स्कूलों में भी फीस स्ट्रक्चर में सुधार देखने को मिल रहा है। जिला प्रशासन की जीरो टॉलरेंस नीति और कड़े रुख के चलते अब शिक्षा माफियाओं के हौसले पस्त हो रहे हैं और कई बड़े स्कूल बैकफुट पर आ गए हैं।

जिलाधिकारी सविन बंसल ने स्पष्ट किया है कि कोई भी स्कूल यदि शिक्षा के अधिकार अधिनियम और अन्य नियमों का उल्लंघन करेगा, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अभिभावकों से भी अपील की गई है कि वे अपनी शिकायतें और समस्याएं खुलकर जिला प्रशासन के सामने रखें।

देवभूमि खबर

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