रोटरी क्लब ऑफ मसूरी ने 30 विद्यार्थियों को बांटे स्कूल बैग, उत्कृष्ट पौध संरक्षण करने वाले छात्रों को भी किया सम्मानित

रोटरी क्लब ऑफ मसूरी ने 30 विद्यार्थियों को बांटे स्कूल बैग, उत्कृष्ट पौध संरक्षण करने वाले छात्रों को भी किया सम्मानित
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मसूरी। रोटरी क्लब ऑफ मसूरी ने अपनी सामाजिक एवं शैक्षिक पहल “नुने दीपक” परियोजना के तहत सनातनी धर्म संस्कृत विद्यालय के वरिष्ठ कक्षाओं के 30 विद्यार्थियों को स्कूल बैग वितरित किए। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों की शिक्षा को प्रोत्साहित करना तथा उनमें आत्मविश्वास और जिम्मेदारी की भावना विकसित करना रहा।


इस अवसर पर रोटरी क्लब ऑफ मसूरी के अध्यक्ष दीपक अग्रवाल ने कहा कि स्कूल बैग भले ही एक छोटा उपहार हो, लेकिन इसकी उपयोगिता और प्रेरणादायक महत्व बहुत बड़ा है। उन्होंने कहा कि यह पहल शिक्षा के प्रति क्लब की निरंतर प्रतिबद्धता और विद्यार्थियों के सम्मान एवं गरिमा को बनाए रखने की सोच का प्रतीक है। साथ ही उन्होंने समाज से भी ऐसी जनहितकारी पहलों में सहयोग करने का आह्वान किया।

कार्यक्रम के दौरान कम्युनिटी सर्विस के प्रोग्राम डायरेक्टर रजत  अग्रवाल ने विद्यार्थियों को जिम्मेदारी, अनुशासन और अध्ययन की अच्छी आदतों के महत्व के बारे में प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि अपने विद्यालय, पुस्तकों और स्कूल बैग की देखभाल जैसे छोटे-छोटे व्यवहार भी बच्चों में अनुशासन और सम्मान की भावना विकसित करते हैं।

कार्यक्रम में रोटरी क्लब के वरिष्ठ सदस्य शैलेन्द्र करनवाल, मनोरंजन त्रिपाठी तथा प्रेसिडेंट-इलेक्ट अश्वनी मित्तल भी उपस्थित रहे। विद्यालय की प्राचार्या मीना कश्यप चौहान  ने रोटरी क्लब का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि क्लब समय-समय पर विद्यार्थियों के हित में सहयोग करता रहा है, जिससे बच्चों को प्रोत्साहन और आवश्यक संसाधन उपलब्ध हो रहे हैं।

कार्यक्रम के दौरान गत वर्ष हरेला पर्व पर वितरित किए गए फ्लावर पॉट्स की देखभाल में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया। रोटरी क्लब ने पिछले वर्ष मसूरी के सभी हिंदी माध्यम विद्यालयों के छात्रों को व्यक्तिगत फ्लावर पॉट वितरित किए थे। इनमें अपने पौधों की सबसे बेहतर देखभाल करने वाले छात्र प्रियांशु भट्ट, पियूष और आदित्य लेखवार को विशेष पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

रोटरी क्लब की इस पहल को विद्यार्थियों और शिक्षकों ने सराहा तथा इसे शिक्षा और पर्यावरण संरक्षण के प्रति सकारात्मक संदेश देने वाला प्रयास बताया।

देवभूमि खबर

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