गढ़वाल विश्वविद्यालय की फर्जी डिग्री मामले में तीसरी गिरफ्तारी, दिल्ली से दबोचा अभियुक्त

पौड़ी। एचएनबी गढ़वाल विश्वविद्यालय के नाम, अंकतालिकाओं, उपाधि प्रारूपों, विश्वविद्यालयीय मोहरों एवं अधिकारियों के फर्जी हस्ताक्षर तैयार कर उनका इस्तेमाल करने के मामले में पौड़ी पुलिस ने एक और अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। पूर्व में दो अभियुक्तों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस टीम ने मामले में प्रकाश में आए तीसरे अभियुक्त मनजीत सिंह को दक्षिणी दिल्ली के बसंत विहार क्षेत्र से गिरफ्तार किया।
मामले की शुरुआत 25 मार्च 2026 को हुई, जब एचएनबी गढ़वाल विश्वविद्यालय, श्रीनगर के परीक्षा नियंत्रक जय सिंह चौहान ने कोतवाली श्रीनगर में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि कासिफ कलीम एवं अन्य व्यक्तियों द्वारा विश्वविद्यालय के नाम, अंकतालिकाओं, उपाधि प्रारूपों, विश्वविद्यालयीय मोहरों तथा संबंधित अधिकारियों के फर्जी हस्ताक्षर तैयार कर कूटरचित दस्तावेज बनाए गए और उन्हें वास्तविक एवं प्रमाणिक अभिलेखों के रूप में विभिन्न स्थानों पर इस्तेमाल किया गया।
शिकायत के आधार पर कोतवाली श्रीनगर में मुकदमा अपराध संख्या 19/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 336(3), 336(4), 338 एवं 340(2) में अभियोग पंजीकृत कर विवेचना शुरू की गई।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पौड़ी सर्वेश पंवार ने नामजद अभियुक्तों एवं मामले में संभावित रूप से संलिप्त अन्य व्यक्तियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। अपर पुलिस अधीक्षक कोटद्वार मनोज कुमार ठाकुर एवं क्षेत्राधिकारी श्रीनगर तपेश कुमार के पर्यवेक्षण तथा प्रभारी निरीक्षक कोतवाली श्रीनगर कुलदीप सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई।
विवेचना के दौरान पुलिस टीम ने पूर्व में नामजद अभियुक्त कासिफ कलीम तथा प्रकाश में आए अभियुक्त देवांश पांडे को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इसके बाद पुलिस टीम द्वारा मामले में शामिल अन्य संभावित अभियुक्तों की भूमिका की जानकारी जुटाने के लिए लगातार सुरागरसी, पतारसी और सूचना संकलन किया जा रहा था।
गहन विवेचना के दौरान पुलिस के सामने मनजीत सिंह की भूमिका प्रकाश में आई। पुलिस के अनुसार मनजीत सिंह ने गढ़वाल विश्वविद्यालय की फर्जी बीबीए अंकतालिका और डिग्री तैयार कराई थी और इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर एक कंपनी में मैनेजर के पद पर नौकरी कर रहा था। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए मनजीत सिंह को बसंत विहार, दक्षिणी दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार अभियुक्त को न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। पुलिस मामले में फर्जी दस्तावेज तैयार करने एवं उनका इस्तेमाल करने से जुड़े अन्य संभावित व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान मनजीत सिंह पुत्र सतवीर सिंह, निवासी ग्राम संतोखपुरा, थाना सदर, तहसील चरखी दादरी, जिला भिवानी, हरियाणा, उम्र 33 वर्ष के रूप में हुई है।
पंजीकृत अभियोग मुकदमा अपराध संख्या 19/2026 में भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 336(3), 336(4), 338 एवं 340(2) के तहत कार्रवाई की जा रही है।
