देहरादून रायपुर ब्लॉक की महिलाएं ‘‘वोकल फॉर लोकल’’ अभियान में सक्रिय, बनाई 1 लाख से अधिक एलईडी लड़ी

देहरादून रायपुर ब्लॉक की महिलाएं ‘‘वोकल फॉर लोकल’’ अभियान में सक्रिय, बनाई 1 लाख से अधिक एलईडी लड़ी
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देहरादून।राजधानी देहरादून के विकासखंड रायपुर में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के अंतर्गत समूह की महिलाएं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के वोकल फॉर लोकल मिशन को बढ़ावा दे रही हैं।

मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना के तहत रायपुर ब्लॉक की महिलाएं आगामी दीपावली त्यौहार को ध्यान में रखते हुए घर की सजावट में उपयोग होने वाली एलईडी लड़ी खुद बनाकर बाजार में उचित मूल्य पर बेच रही हैं और साथ ही चाइनीज़ सजावटी आइटम के उपयोग को कम करने का संदेश दे रही हैं।

रायपुर ब्लॉक की महिलाओं ने एनआरएलएम की मदद से 1 लाख 20 हजार एलईडी लड़ी के पैकेट बनाने का लक्ष्य रखा था, जिसमें से अब तक 1 लाख से अधिक पैकेट तैयार कर बाजार में बेचे जा चुके हैं। प्रत्येक पैकेट में 12 फीट की 10 लड़ियां होती हैं और पैकेट का बाजार मूल्य 1,000 से 1,200 रुपए है। महिलाओं को प्रत्येक पैकेट से 100 से 150 रुपए की आर्थिक आय हो रही है। पैकेट की पैकेजिंग भी महिलाएं स्वयं कर रही हैं।

एनआरएलएम ने थानो न्याय पंचायत की सभी समूह की महिलाओं को इस प्रोजेक्ट के लिए 6% ब्याज में 12 लाख का कम्युनिटी इन्वेस्टमेंट फंड (CIF) और 0% ब्याज में 5 लाख का कोऑपरेटिव लोन उपलब्ध कराया। इस योजना के तहत लगभग 300 महिलाओं ने मिलकर एलईडी लड़ी का उत्पादन किया और मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना की सराहना की।

दिव्य ज्योति स्वयं सहायता समूह की अध्यक्ष ममता कोठियाल ने बताया कि उन्हें राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से 1 लाख 20 हजार एलईडी लाइट बनाने का टारगेट मिला था, जिसे उन्होंने सफलतापूर्वक पूरा किया और अब उचित दामों में बाजार में बेच रही हैं।

मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह ने बताया कि त्योहार सीजन के दौरान रायपुर ब्लॉक के वाइब्रेंट ग्रोथ सेंटर में समूह की महिलाएं एलईडी लाइट का उत्पादन कर रही हैं। उन्होंने कहा कि अलग-अलग स्थानों पर इन महिलाओं के स्टॉल लगाए जा रहे हैं, ताकि उन्हें अच्छा बाजार मिले और वे आत्मनिर्भर बन सकें।

इस पहल के माध्यम से ग्रामीण महिलाएं न केवल आत्मनिर्भर बन रही हैं, बल्कि लोकल प्रोडक्ट्स को ग्लोबल पहचान दिलाने में भी योगदान दे रही हैं।

देवभूमि खबर

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