चारधाम यात्रा के दौरान करना पड़ सकता है परेशानियों का सामना 

चारधाम यात्रा के दौरान करना पड़ सकता है परेशानियों का सामना 
Spread the love

देहरादून।देवभूमिखबर। चार धाम यात्रा शुरू होने में महज कुछ ही दिन का समय बचा है लेकिन उत्तरकाशी जिला प्रशासन की आपदाग्रस्त जिले में सड़क निर्माण और ट्रीटमेंट को लेकर तैयारी कहीं नजर नहीं आ रही है। ऑलवेदर रोड का निर्माण जारी रहने की वजह से चार धाम मार्ग बेहद खस्ताहाल है और कई जगह तो बेहद खतरनाक हालत में है।
अगर यात्रा शुरु होने से पहले रास्ते की इन दिक्कतों को दूर नहीं किया जाता तो चारधाम आना इस बार यात्रियों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण होने वाले हैं। गंगोत्री हाईवे पर धरासू बैंड से लेकर गंगोत्री तक 14 डेंजर जोन है। इस बार सबसे ज्यादा खतरा चुंगी बडेथी के पास राजमार्ग वाला हिस्से में है। पुल निर्माण और सड़क ट्रीटमेंट का कार्य समय पर पूरा न होने से यह जोन यात्रा में खलल डाल सकता है। जिला प्रशासन हर साल ट्रीटमेंट कार्य समय पर पूरे होने का दावा तो करता है, लेकिन धरातल पर दिखाई कुछ नजर नहीं दे रहा है। जिलाधिकारी आशीष चैहान दावा कर रहे हैं कि यात्रा शुरू होने से पहले सब कुछ ठीक-ठाक कर दिया जाएगा। इसमें जर्जर पुलों की जगह नए पुल शुरू करना और चार धाम मार्ग पर ट्रीटमेंट सभी चीजें शामिल हैं। चार धाम यात्रा ने पिछले साल यात्रियों के पहुंचने के रिकॉर्ड तोड़े थे, लेकिन इस बार रास्तों की हालत देखते हुए लगता है कि यहां गाड़ियों के पुर्जे और यात्रियों को चोट आने की आशंका ज्यादा है।
वहीं, बद्रीनाथ और केदारनाथ धाम में भारी बर्फबारी होने के चलते मंदिर समति को मंदिर परिसर से बर्फ हटाने में काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। बर्फबारी के चलते दोनों धामों में बिजली और पानी की व्यवस्थाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। बद्रीनाथ धाम में बर्फबारी के कारण तप्त कुंड व आस पास की जगहें भी क्षतिग्रस्त हुई हैं। केदारनाथ धाम के कपाट इस साल 9 मई को जबकि बद्रीनाथ धाम के कपाट 10 मई को आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे।

देवभूमि खबर

Related articles