NMOPS उत्तराखंड की ऑनलाइन प्रांतीय बैठक संपन्न, पुरानी पेंशन बहाली को लेकर आंदोलन की रणनीति तय
देहरादून।पुरानी पेंशन बहाली राष्ट्रीय आंदोलन (NMOPS), उत्तराखंड की प्रांतीय कार्यकारिणी की ऑनलाइन बैठक 17 जनवरी 2026 को सफलतापूर्वक संपन्न हुई। बैठक में संगठन के सभी सदस्यों ने सक्रिय सहभागिता निभाई और पुरानी पेंशन बहाली को लेकर वर्तमान परिस्थितियों, भविष्य की रणनीति तथा संगठनात्मक गतिविधियों पर विस्तार से चर्चा की गई। सभी विषयों पर विचार-विमर्श के उपरांत निर्णय सर्वसम्मति से लिए गए।
इस प्रांतीय बैठक की अध्यक्षता माननीय प्रांतीय अध्यक्ष श्री जीतमणि पैन्यूली जी ने की, जबकि बैठक का संचालन प्रांतीय महामंत्री इंजीनियर मुकेश रतूड़ी जी द्वारा किया गया। बैठक के सफल आयोजन में उपस्थित सभी पदाधिकारियों और सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा, जिसके लिए संगठन की ओर से सभी का आभार व्यक्त किया गया।
बैठक में गढ़वाल मंडल अध्यक्ष श्री विकास शर्मा, गढ़वाल मंडल महामंत्री श्री देवेंद्र फर्स्वाण, कुमाऊँ मंडल अध्यक्ष श्री राजू मेहरा, कुमाऊँ मंडल महामंत्री श्री कमलेश पांडे सहित उत्तराखंड के समस्त जनपदों के अध्यक्ष एवं महामंत्री मौजूद रहे। इसके साथ ही प्रांतीय कोषाध्यक्ष इंजीनियर शांतनु शर्मा, प्रांतीय प्रवक्ता श्री सूर्य सिंह पंवार, प्रांतीय प्रचार-प्रसार सचिव श्री हर्षवर्धन जमलोकी तथा प्रांतीय कोर कमेटी सदस्य श्री लक्ष्मण कोरंगा, डॉ. हरेंद्र रावल और श्री सुरेंद्र भगत भी बैठक में शामिल हुए।
बैठक में यह निर्णय लिया गया कि 15 फरवरी 2026 तक सभी जनपदों में विभिन्न संगठनों एवं महासंघों के प्रतिनिधियों के साथ बैठकें आयोजित कर संयुक्त हस्ताक्षरित ज्ञापन माननीय मुख्यमंत्री उत्तराखंड और माननीय प्रधानमंत्री भारत सरकार को भेजा जाएगा। इसके साथ ही 31 मार्च 2026 तक प्रत्येक जनपद कार्यकारिणी द्वारा ब्लॉक प्रमुखों, मेयर, जिला पंचायत अध्यक्षों, विधायकों, सांसदों एवं अन्य जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन प्रेषित कर पुरानी पेंशन बहाली की मांग को और अधिक मजबूती से उठाया जाएगा।
बैठक में प्रदेशभर में एकजुटता के प्रदर्शन हेतु सभी जनपदों और ब्लॉकों में निर्धारित प्रारूप के अनुसार वृहद पोस्टर अभियान चलाने पर भी सहमति बनी। आगामी चरण में मार्च 2026 के दौरान विधानसभा घेराव का कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया गया, जिसकी तिथि शीघ्र घोषित की जाएगी। इसके अतिरिक्त फरवरी 2026 में कुमाऊँ और गढ़वाल मंडलों में ऑफलाइन मंडलीय बैठकें आयोजित कर आंदोलन को और अधिक धार देने पर भी सहमति व्यक्त की गई।
सभी प्रस्तावों पर सहमति बनने के बाद बैठक का समापन किया गया और यह संकल्प लिया गया कि बैठक में लिए गए सभी निर्णयों का पूर्ण रूप से पालन सुनिश्चित किया जाएगा। अंत में संगठन की ओर से पुरानी पेंशन बहाली के लिए संघर्ष को और तेज करने का आह्वान किया गया।

