सरकार अगले पांच साल में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर पर 100 लाख करोड़ रुपये खर्च करने जा रही है:मोदी
।मुम्बई।एजेंसी।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुंबई में कई मेट्रो परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इससे पहले उन्होंने गणपति की पूजा अर्चना की।मुंबई पहुंचने पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने एयरपोर्ट पर पीएम मोदी की अगवानी की। पीएम मोदी ने एक कार्यक्रम को भी संबोधित किया ।
-प्रधानमंत्री ने कहा कि आज जब देश 5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी के लक्ष्य की तरफ बढ़ रहा है, तब हमें अपने शहरों को भी 21वीं सदी की दुनिया के मुताबिक बनाना ही होगा।इसी सोच के साथ हमारी सरकार अगले पांच साल में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर पर 100 लाख करोड़ रुपये खर्च करने जा रही है।इस सरकार को 100 दिन हो रहे हैं और इन 100 दिनों में ही ऐसे-ऐसे कार्य हुए हैं, जो अभूतपूर्व हैं, ऐतिहासिक हैं।इस मौके पर पीएम मोदी ने चन्द्रयान-2 को लेकर भी अपनी बात कही। उन्होंने कहा कि किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रयास करने वाले तीन तरह के लोग होते हैं। सबसे निचले पायदान पर वो लोग होते हैं जो रुकावटों के डर से काम ही शुरू नहीं करते। बीच में वो लोग होते हैं जो काम तो शुरू कर देते हैं, लेकिन पहली रूकावट आते ही नौ-दो-ग्यारह हो जाते हैं। इन दोनों से अलग तीसरे वो लोग होते हैं जो परेशानियां और चुनौतियों का सामना करते हुए लगातार प्रयास करते हैं जब तक की सफलता नहीं मिल जाती है। इसरों के लोग भी तीसरी तरह के लोग हैं जो लगातार प्रयास करते हैं। उन्होंने कहा कि वे लोग जब तक प्रयास करते रहेंगे जब तक की वो सफल नहीं हो जाता। चन्द्रयान-2 भले ही असफल रहा हो लेकिन उसके साथ गया ऑरबिट अभी वहीं है जो भी एक बड़ी उपलब्धी है।।
पीएम मोदी ने कहा कि आज जिन परियोजनाओं का आज शिलान्यास और उद्घाटन हुआ है वो मुम्बई के इन्फ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देगी और लोगों का जीवन आसान करेगी। परिवहन आसान होगा और व्यवसाय की परेशानियां कम होगी। मुम्बई वो शहर जिसकी गति ने देश को भी गति दी है। यहां के परिश्रमी लोग, यहां की माता-बहने सभी लोग इस शहर से प्यार करते हैं। गर्व से कहते हैं मी मुम्बईकर। पिछले पांच साल में यहां की सरकार ने मुम्बई के विकास के लिए काफी मेहनत की है। इससे धीरे-धीरे मुम्बई में बदलाव आ रहा है। आने वाले दशकों के लिए अभी से काम किया जा रहा है। जब देश 5 टि्रलियन डॉलर इकोनॉमी की तरफ बढ़ रहा है तो हमें भी अपने शहरांे को 21वीं सदी के मुताबिक हर क्षेत्र में विकसित करना होगा। हमारी सरकार भी इन्फ्रास्ट्रक्चर पर एक लाख करोड़ रूपए खर्च करने जा रही है। हम रोड, रेल, मेट्रो जैसे हर माध्यम को एक-दूसरे से कनेक्ट किया जा रहा है।
पीएम मोदी ने कहा कि बीते पांच वर्षों में मुम्बई मेट्रों के विकास के साथ जुड़ने का मौका मिला है। अभी मुम्बई में 11 किलोमीटर का मेट्रो नेटवर्क है। लेकिन आने वाले दो-तीन साल में यह नेटवर्क 325 किलोमीटर तक हो जाएगा। हम मेट्रो लाइन ही नहीं, बल्कि लाइनों पर जो मेट्रो दौड़ेगी उसके कोच भी बना रहे हैं। इन्फ्रास्ट्रक्चर का जितना रिश्ता ईज ऑफ लिविंग से है उतना ही रिश्ता रोजगार से है। इन्फ्रास्ट्रक्चर का जो काम गांव और शहर में हो रहा है उससे लोगों को रोजगार मिल रहा है। हालांकि इस पर ज्यादा चर्चा नहीं होती है। क्योंकि यह बड़े स्तर पर रहो रहा है, लेकिन धीरे-धीरे ये चर्चाओं में आएगा। जब में स्पीड और स्कैल की बात करता हूं तो मेरे पास इतने उदाहरण होते हैं कि जिन्हें गिनाते-गिनाते सुबह से शाम हो जाए। आज देश के 27 शहरों में मेट्रो शूरू हो चुकी या शुरू होने वाली है। आज देश में पौने सात सौ मेट्रो लाइन कार्यरत है। 2004 के बाद से चार सौ किलोमीटर से अधिक लाइन बिछाई गई है। देश को तेज गति से आगे बढ़ाने के लिए इन्फ्रास्ट्रक्चर बहुत आवश्यक है।
पीएम मोदी ने वन नेशन से लेकर वन पावर ग्रिड तक, वन नेशन वन टेक्स तक पर ये सरकार काम कर रही है। ताकि हम बच्चों को परेशानियां ना दें। हमें अपना वर्तमान सुधारनें के साथ भविष्य को बेहतर बनाने के लिए भी खपाना होगा। हमारी सरकार ने जो फैसले लिए वो देशवासियों को और मजबूत करेंगे। इस सरकार को 100 दिन हो रहे हैं जिसमें कई ऐतिहासिक और अभूतपूर्व फैसले लिए गए हैं। हर क्षेत्र में बहुत तेजी से काम किया जा रहा है। सरकार के इन फैसलों और आपकी सेवा के बीच मैंने ये संकल्प भी लिया है आपको सजग करने का। इसके लिए एक भारतीय एक संकल्प लें। देशहित के लिए एक संकल्प लें और उसे पीछा करने में कभी भी पीछे नहीं हटे। एक सुझाव में अभी से आपको दे सकता हूं। उन्होंने पूछा कि क्या आप मेरी बात मानेंगे। उन्होंने कहा कि बप्पा की विदाई के दौरान बहुत सारा प्लास्टिक और वेस्ट समुद्र में चला जाता है। जिससे बहुत प्रदूषण होता है। वो इस बार हम नहीं करेंगे और विदाई के बाद हम सफाई करके उस क्षेत्र को प्लास्टिक मुक्त करेंगे। आप ऐसा करेंगे तो सभी ने हाथ उठाए।

