दून विश्वविद्यालय एवं आईईसीएस एमई के मध्य शोध एवं शिक्षण को लेकर कामधेनु चेयर का द्विपक्षीय समझौता

दून विश्वविद्यालय एवं आईईसीएस एमई के मध्य शोध एवं शिक्षण को लेकर कामधेनु चेयर का द्विपक्षीय समझौता
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देहरादून।दून विश्वविद्यालय देहरादून एवं आई ई सी एस एम ई (इंडो यूरोपियन चेंबर ऑफ स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइजेज) अयोध्या, उत्तर प्रदेश के मध्य शोध एवं शिक्षण को लेकर कामधेनु चेयर का द्विपक्षीय समझौता किया गया ।

इस अवसर पर दून विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर सुनील जोशी ने कहा कि इस समझौते के होने से दून विश्वविद्यालय के विद्यार्थी एवं शिक्षक इंडो यूरोपियन चेंबर ऑफ स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइजेज संस्था के साथ मिलकर राज्य के विकास के लिए प्रभावी एवं कारगर उद्यमिता विकास का मॉडल तैयार कर पाएंगे, जिसके तहत राज्य के युवाओं को रोजगार प्राप्त करने में सुविधा प्राप्त होगी । इस समझौता के तहत गांव मे किसानों की आय को दोगुना करना, सतत जल प्रबंधन प्रणाली विकसित करना, रिवर्स पलायन के लिए युवाओं को प्रेरित करना, कम लागत पर स्वच्छता के विकल्प विकसित करना, कुशल कचरा डिस्पोजेबल सिस्टम को विकसित करना, डिजिटल लेनदेन के लिए युवाओं को जागरूक करना, महिला क्लब के माध्यम से महिलाओं के सामाजिक एवं आर्थिक मुद्दों में योगदान, पर्यटन संवर्धन के अभिनव प्रयोग इत्यादि सम्मिलित हैं । द्विपक्षीय समझोता पत्र पर आई ई सी एस एम ई की जनरल सेक्रेटरी श्रीमती लक्ष्मी ठाकुर सिंघल तथा दून विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ मंगल सिंह मंद्रवाल ने द्विपक्षीय समझौता पर हस्ताक्षर किए।

प्रबंध शास्त्र विभाग के अध्यक्ष एवं अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रोफेसर एच सी पुरोहित ने कहा कि यह समझौता प्रबंध विज्ञान के विद्यार्थियों एवं सोशल साइंस के विद्यार्थियों को उद्यमिता विकास स्वरोजगार ग्रामीण विकास के क्षेत्र में कार्य करने के अवसर प्रदान करेगा साथ ही शिक्षकों को भी शोध के अवसर उपलब्ध होंगे।

इस अवसर पर सहायक कुलसचिव श्री नरेंद्र लाल, मनोज कुमार सिंह निखिल गर्ग, योगेंद्र सिंह नेगी सहित विश्वविद्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।

देवभूमि खबर

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