गोट वैली योजना से बदली पशुपालक प्रकाश कोहली की तकदीर, बकरी पालन से बने आत्मनिर्भर

गोट वैली योजना से बदली पशुपालक प्रकाश कोहली की तकदीर, बकरी पालन से बने आत्मनिर्भर
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पिथौरागढ़। पशुपालन को स्वरोजगार से जोड़कर ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से संचालित गोट वैली योजना का लाभ जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों के पशुपालकों को मिल रहा है। योजना से लाभान्वित होकर कई पशुपालक बकरी पालन को आय का स्थायी साधन बना रहे हैं।

इसी क्रम में ग्राम सिंलिंग, जनपद पिथौरागढ़ निवासी प्रकाश कोहली पुत्र कुंडल राम ने गोट वैली योजना का लाभ लेकर बकरी पालन को बड़े स्तर पर विकसित किया है। योजना से पूर्व उनके पास मात्र तीन बकरियां थीं और परिवार की आर्थिक स्थिति भी संतोषजनक नहीं थी।

वर्ष 2022-23 में योजना का लाभ मिलने के बाद प्रकाश कोहली ने बकरी पालन को व्यवस्थित एवं व्यावसायिक रूप से आगे बढ़ाया। वर्तमान में उनके पास 40 बकरियां हैं और बीते दो वर्षों में वह लगभग 130 बकरियों के बच्चे तैयार कर चुके हैं।

उन्होंने चार बार आईटीबीपी को बकरियों की आपूर्ति कर लगभग दो लाख रुपये की शुद्ध आय अर्जित की है। योजना के अंतर्गत उन्हें 15 बकरी और एक बकरा उपलब्ध कराया गया था। योजना से लाभान्वित होने के बाद उनकी आय में वृद्धि होने के साथ ही परिवार की आर्थिक स्थिति में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ है। इतना ही नहीं, उन्होंने एक अन्य व्यक्ति को भी रोजगार उपलब्ध कराया है।

प्रकाश कोहली ने कहा कि सरकारी योजना का लाभ मिलने से उन्हें बकरी पालन को व्यवसाय के रूप में विकसित करने का अवसर मिला। उन्होंने सरकार एवं पशुपालन विभाग पिथौरागढ़ का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसी योजनाएं ग्रामीण युवाओं और पशुपालकों को स्वरोजगार से जोड़ने तथा उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

देवभूमि खबर

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