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एसएसपी दून का सख्त संदेश: युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं, विदेश भेजने के नाम पर 48 लाख की ठगी का पर्दाफाश – 10 प्रकरणों में अभियोग दर्ज

एसएसपी दून का सख्त संदेश: युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं, विदेश भेजने के नाम पर 48 लाख की ठगी का पर्दाफाश – 10 प्रकरणों में अभियोग दर्ज
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देहरादून में विदेश भेजने के नाम पर लगातार सामने आ रहे ठगी के मामलों पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून ने कड़ा रुख अपनाया है। पहाड़ और देहरादून के युवाओं को रोजगार तथा पढ़ाई का लालच देकर उनसे बड़ी रकम ठगने वाले गिरोहों के खिलाफ 10 अलग-अलग प्रकरणों में अभियोग दर्ज करने के निर्देश जारी किए गए हैं। एसएसपी ने स्पष्ट कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

पुलिस की जांच में सामने आया कि आरोपियों ने 19 युवाओं से लगभग 48 लाख रुपये की धोखाधड़ी की। सभी प्रकरणों की जांच फाइनेंशियल फ्रॉड यूनिट द्वारा की गई और प्रमाणित शिकायतों के आधार पर ठोस कार्रवाई की गई।

ठगी के प्रमुख प्रकरण

शिकायतकर्ताओं द्वारा बताई गई धोखाधड़ी इस प्रकार रही—

  • इटली में नौकरी दिलाने के नाम पर 3.04 लाख की ठगी (अरुण प्लेसमेंट सर्विस)
  • पोलैंड भेजने के नाम पर दो युवकों से 3.80–3.80 लाख की ठगी
  • जर्मनी में पढ़ाई का झांसा देकर 5.15 लाख की धोखाधड़ी
  • डीआईएचएम छात्रों से फर्जी वीजा के जरिए 19.19 लाख रुपये की ठगी
  • सऊदी अरब भेजकर युवक के उत्पीड़न व धोखाधड़ी का मामला
  • न्यूजीलैंड भेजने के नाम पर 1.60 लाख की ठगी
  • दुबई में नौकरी लगवाने के नाम पर 52 हजार की ठगी
  • विदेश में नौकरी का झांसा देकर 1.40 लाख रुपये की ठगी
  • चार युवाओं से 9.61 लाख रुपये की धोखाधड़ी

इन सभी मामलों में आरोपियों ने जॉब ऑफर लेटर, वीजा, टिकट और वर्क परमिट जैसे दस्तावेजों की फर्जी प्रतियां दिखाकर पैसे ऐंठे थे।

एसएसपी देहरादून की युवाओं से महत्वपूर्ण अपील

विदेश में नौकरी या पढ़ाई के इच्छुक युवाओं को एसएसपी ने सावधानी बरतने की सलाह दी—

  1. सिर्फ अधिकृत एजेंसी या फर्म से ही संपर्क करें।
    भारत सरकार की वेबसाइट पर जाकर फर्म की वैधता अवश्य जांच लें।
  2. जॉब लेटर या किसी भी दस्तावेज को संबंधित संस्थान से मेल/कॉल के माध्यम से जरूर वेरीफाई करें।
  3. वीजा, टिकट आदि की सत्यता जांचने के बाद ही आगे भुगतान या प्रक्रिया आगे बढ़ाएँ।
  4. भारत सरकार द्वारा प्रमाणित एजेंसियों की जानकारी के लिए MEA के Emigrate Portal पर अवश्य संपर्क करें।

एसएसपी ने स्पष्ट कहा कि युवाओं का भविष्य सुरक्षित रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है और ऐसी ठगी में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।

देवभूमि खबर

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