नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में विधि-विवादित किशोर संरक्षण में, बाल संरक्षण गृह भेजा गया
देहरादून। कोतवाली नगर क्षेत्र में 14 वर्षीय नाबालिग के साथ दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक विधि-विवादित किशोर को संरक्षण में लिया है। मामले में किशोर न्याय बोर्ड (जेेजेबी) के समक्ष प्रस्तुत किए जाने के बाद उसे बाल संरक्षण गृह भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, 18 जून 2026 को एक महिला ने कोतवाली नगर में तहरीर देकर आरोप लगाया कि उनकी 14 वर्षीय पुत्री को बहला-फुसलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया गया। साथ ही घटना के संबंध में किसी को जानकारी देने पर पीड़िता को जान से मारने की धमकी भी दी गई।
तहरीर के आधार पर कोतवाली नगर पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज करते हुए मु.अ.सं. 217/2026 के तहत धारा 65(1), 351(3) भारतीय न्याय संहिता (BNS) तथा 3/4 पोक्सो अधिनियम के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत किया।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर एफएसएल टीम की मदद से वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए। पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण जिला अस्पताल में कराया गया है तथा मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज कराने की प्रक्रिया भी की जा रही है।
पुलिस टीम ने 19 जून 2026 को घटना में संलिप्त विधि-विवादित किशोर को संरक्षण में लेकर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई पूरी की। इसके बाद उसे किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से बोर्ड ने उसे बाल संरक्षण गृह भेजने के आदेश दिए।
पुलिस के अनुसार मामले की जांच जारी है और पोक्सो अधिनियम के तहत निर्धारित कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करते हुए आगे की कार्रवाई की जा रही है।

