थौलधार विकास समिति की वार्षिक बैठक सम्पन्न, राज्यमंत्री जोत सिंह बिष्ट का हुआ सम्मान

देहरादून। थौलधार क्षेत्र के प्रवासियों की संस्था “थौलधार विकास समिति, देहरादून” की वार्षिक आम बैठक रविवार को मोथरोवाला रोड स्थित श्रेष्ठ वेडिंग प्वाइंट में संपन्न हुई। बैठक में हाल ही में ग्रामीण अभियंत्रण विभाग में उपाध्यक्ष (राज्यमंत्री) का दायित्व मिलने पर समिति के संरक्षक एवं पूर्व ब्लॉक प्रमुख जोत सिंह बिष्ट का सम्मान किया गया तथा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और प्रदेश नेतृत्व का आभार व्यक्त किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। समिति अध्यक्ष मनोहर लाल नौटियाल ने समिति के उद्देश्यों, पिछले वर्ष की उपलब्धियों और सदस्यता अभियान की जानकारी देते हुए अधिक से अधिक लोगों को समिति से जुड़ने का आह्वान किया। महासचिव हिम्मत सिंह बिष्ट ने आगामी कार्यक्रमों और विभिन्न प्रस्तावों को सभा के समक्ष रखा, जिन्हें सर्वसम्मति से पारित किया गया।
बैठक में निर्णय लिया गया कि आगामी स्थापना दिवस समारोह को भव्य रूप से आयोजित किया जाएगा, जिसमें थोलधार ब्लॉक के बच्चों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएंगे। साथ ही मेधावी छात्रों और पिछले दो वर्षों में विभिन्न सरकारी सेवाओं में चयनित युवाओं को सम्मानित किया जाएगा, ताकि वे आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणा बन सकें।
कोषाध्यक्ष कुलदीप बिष्ट ने समिति का वार्षिक आय-व्यय विवरण प्रस्तुत किया। इस अवसर पर राज्यमंत्री जोत सिंह बिष्ट ने प्रवासी समाज को अपने मूल गांवों से जुड़े रहने और जनगणना में अपने गांव का नाम दर्ज कराने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यदि पर्वतीय क्षेत्रों की जनसंख्या कम दर्शाई गई तो भविष्य में परिसीमन के दौरान विधानसभा सीटों में कमी आ सकती है, जिससे क्षेत्र के विकास और बजट आवंटन पर असर पड़ेगा।
उन्होंने बताया कि देहरादून, दिल्ली, चंडीगढ़ और नोएडा सहित विभिन्न शहरों में प्रवासी उत्तराखंडियों को अपने गांवों में जनगणना दर्ज कराने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने समिति की सदस्य संख्या एक हजार से अधिक करने का लक्ष्य भी रखा और आगामी वार्षिक सम्मेलन में प्रदेश सरकार एवं पार्टी नेतृत्व को आमंत्रित करने का भरोसा दिया।
बैठक में सोहनलाल खंडूरी, रायचंद रमोला, किशोरी लाल भट्ट, मनोहर लाल सकलानी, रामलाल खंडूरी, सोबत सिंह पढ़ियार, विजेंद्र भंडारी, वीरेंद्र दत्त खंडूरी, कुलानंद उनियाल, मनीष खंडूरी, लाखी सिंह असवाल, शरत रावत, राजेंद्र प्रसाद भट्ट, सूरजमणि भट्ट, गोविंद सिंह राणा, विनोद सिंह राणा, विजेंद्र कुमार आर्य, कुंवर सिंह पंवार सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।
