ओखलकांडा ब्लॉक में सौर ऊर्जा से चला परिवर्तन का पहिया, सोलर लिफ्टिंग योजना बनी किसानों की जीवनरेखा
रिपोर्ट: ललित जोशी / हर्षित जोशी
नैनीताल।उत्तराखंड सरकार की एक और दूरदर्शी पहल ने सरोवर नगरी नैनीताल के ओखलकांडा ब्लॉक के ग्रामीणों की वर्षों पुरानी पेयजल समस्या का समाधान कर दिया है। सरकार द्वारा ग्राम लूगड़ में 9 लाख 42 हजार रुपये की लागत से शुरू की गई सौर ऊर्जा आधारित सोलर पंपिंग लिफ्टिंग पेयजल योजना न सिर्फ ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हो रही है, बल्कि किसानों की सिंचाई संबंधी चुनौतियों को भी समाप्त कर रही है।
इस योजना के तहत गांव से करीब 500 मीटर नीचे नदी किनारे सौर ऊर्जा से संचालित पंपिंग सिस्टम लगाए गए हैं, जो पाइप लाइन के माध्यम से स्वच्छ जल को गांव तक पहुंचाते हैं। यह प्रणाली न केवल पर्यावरण के अनुकूल है, बल्कि बिजली पर निर्भरता को भी काफी हद तक कम करती है।
आज इस योजना से लगभग 3000 ग्रामीणों को नियमित और स्वच्छ पेयजल मिल रहा है, वहीं क्षेत्र के काश्तकारों को पर्याप्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध हो रही है। इससे पहले इस क्षेत्र में जल संकट आम बात थी, लेकिन अब राज्य सरकार की इस पहल से क्षेत्र में स्थायी समाधान संभव हो पाया है।
स्थानीय लोगों ने इस ऐतिहासिक और नवोन्मेषी पहल के लिए उत्तराखंड सरकार का आभार जताया है। यह योजना पहाड़ी इलाकों में जल संकट से निपटने की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण बनकर उभरी है।

