महिला आरक्षण पर आप का हमला, बीजेपी–कांग्रेस पर ‘डबल गेम’ का आरोप
देहरादून। आम आदमी पार्टी ने महिला आरक्षण के मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए दोनों दलों पर “डबल गेम” खेलने का आरोप लगाया है। पार्टी ने कहा कि महिला आरक्षण के नाम पर राजनीतिक माहौल बनाया जा रहा है, जबकि वास्तविक रूप से महिलाओं को अधिकार देने की ठोस मंशा नहीं दिखती।
पार्टी ने आरोप लगाया कि परिसीमन को महिला आरक्षण के रूप में प्रस्तुत कर जनता को भ्रमित किया जा रहा है। हाल ही में केंद्र द्वारा लाए गए “नारी वंदन अधिनियम 2026” को लेकर भी सवाल उठाते हुए आप ने इसे महिलाओं के नाम पर राजनीतिक प्रयास बताया।
उत्तराखंड के संदर्भ में पार्टी ने पुष्कर सिंह धामी सरकार पर भी निशाना साधा। पार्टी का कहना है कि यदि सरकार वास्तव में महिला हितैषी है, तो यूनिफॉर्म सिविल कोड की तर्ज पर राज्य में 33% महिला आरक्षण लागू किया जाए।
आप ने भाजपा और कांग्रेस से सीधा सवाल किया कि क्या वे 2027 के विधानसभा चुनाव में 33% महिलाओं को टिकट देंगी। पार्टी ने कहा कि इसके लिए किसी नए कानून की आवश्यकता नहीं है, बल्कि यह केवल राजनीतिक इच्छाशक्ति का विषय है।
पार्टी नेताओं ने आरोप लगाया कि महिला सशक्तिकरण के नाम पर जनता को गुमराह किया जा रहा है और असली मुद्दों से ध्यान भटकाया जा रहा है। उन्होंने मीडिया से अपील की कि वह सच्चाई को सामने लाए और जनता को जागरूक करे।
पत्रकार वार्ता में उमा सिसोदिया, सुधा पटवाल, यामिनी आले, दीप्ति रावत बिष्ट, मंजू शर्मा, गीता सिंह सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

