औषधियों की गुणवत्ता जांचने को औषधि विभाग का निरीक्षण अभियान, 10 दवाओं के नमूने लिए

बागेश्वर। जनपद में दवाओं की गुणवत्ता, सुरक्षित भंडारण और वितरण व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए औषधि विभाग ने निरीक्षण अभियान चलाया। जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे के निर्देश पर औषधि निरीक्षक पूजा रानी ने बिलौना स्थित केंद्रीय औषधि भंडार तथा गरुड़ क्षेत्र के विभिन्न मेडिकल स्टोरों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर स्थित केंद्रीय औषधि भंडार (सीएमएसडी) में दवाओं के भंडारण, निर्धारित तापमान, स्टॉक की स्थिति और एक्सपायरी एवं निकट भविष्य में एक्सपायर होने वाली औषधियों के पृथक रखरखाव की जांच की गई। इसके साथ ही दवाओं की प्राप्ति एवं निर्गमन से संबंधित अभिलेखों, स्टॉक रजिस्टर, बैच नंबर, निर्माण एवं समाप्ति तिथि तथा वितरण व्यवस्था का सत्यापन किया गया। इस दौरान गुणवत्ता परीक्षण के लिए 10 औषधियों के नमूने लेकर प्रयोगशाला भेजने की प्रक्रिया की गई।
इसके बाद औषधि निरीक्षक ने गरुड़ क्षेत्र के विभिन्न मेडिकल स्टोरों का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान मेडिकल स्टोरों के औषधि लाइसेंस, क्रय-विक्रय के बिल एवं अभिलेख, दवाओं की निर्माण और समाप्ति तिथि, बैच नंबर, अधिकतम खुदरा मूल्य तथा एक्सपायरी दवाओं के रखरखाव की जांच की गई।
निरीक्षण में अनुसूची एच एवं एच-1 की दवाओं की बिक्री से जुड़े नियमों, चिकित्सकीय पर्चों, आवश्यक रजिस्टरों, पंजीकृत फार्मासिस्ट की उपलब्धता और शीत श्रृंखला में रखी जाने वाली दवाओं के भंडारण की व्यवस्था भी परखी गई।
औषधि निरीक्षक पूजा रानी ने मेडिकल स्टोर संचालकों को निर्देश दिए कि बिना वैध चिकित्सकीय पर्चे के प्रतिबंधित श्रेणी की दवाओं का विक्रय न किया जाए। एक्सपायरी, संदिग्ध अथवा गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं पाई जाने वाली दवाओं को बिक्री के लिए उपलब्ध न रखने तथा औषधियों का निर्धारित तापमान और मानकों के अनुसार भंडारण सुनिश्चित करने को कहा।
औषधि विभाग के अनुसार जनपद में दवाओं की गुणवत्ता, सुरक्षित भंडारण और वितरण व्यवस्था की निगरानी के लिए निरीक्षण अभियान आगे भी जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।


